उत्तराखंड: घर पहुंचा जवान सुरेंद्र चौहान का पार्थिव शरीर, नम आंखों से आखिरी विदाई

उत्तराखंड के जांबाज़ जवान सुरेंद्र सिंह चौहान अब इस दुनिया में नहीं रहे। ड्यूटी के दौरान उन्हें ब्रेन हेमरेज हो गया था।
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Image: BSF jawan surendra singh chauhan

रुड़की: उत्तराखंड के जांबाज़ जवान सुरेंद्र सिंह चौहान अब इस दुनिया में नहीं रहे। ड्यूटी के दौरान उन्हें ब्रेन हेमरेज हो गया और अस्पताल में उन्होंने आखिरी सांस ली। दुख और गम के माहौल के बीच जवान सुरेंद्र सिंह चौहान को आखिरी विदाई दी गई। आपको बता दें कि बीते कुछ दिनों में उत्तराखंड के कई जवान ऐसे हैं जिनका निधन हुआ है। इनमें से बीएसएफ जवान सुरेंद्र सिंह चौहान भी त्रिपुरा में ड्यूटी के दौरान गंभीर रूप से बीमार हो गए और अस्पताल में उनकी मौत हो गई थी। रुड़की के रहने वाले सुरेंद्र सिंह चौहान का पार्थिव शरीर जब उनके पैतृक आवास पर पहुंचा तो हर किसी की आंखें नम हो गई। त्रिपुरा में तैनात बीएसएफ जवान सुरेंद्र सिंह चौहान का पार्थिव शरीर रुड़की के शास्त्री नगर स्थित उनके पैतृक निवास पर लाया गया।पार्थिव शरीर के घर पहुंंचने के बाद उनके परिवार में कोहराम मच गया। आपको बता दें कि त्रिपुरा में ड्यूटी के दौरान बीएसएफ जवान सुरेंद्र सिंह चौहान को ब्रेन हैमरेज हो गया था। इससे उनकी मौत हो गई थी। त्रिपुरा से उनके शरीर को रुड़की लेकर आये बीएसएफ के एक दारोगा ने बताया कि सुरेंद्र सिंह को 30 अप्रैल को ब्रेन हेमरेज हुआ था जिसके बाद उन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था। काफी इलाज के बाद भी उनकी सेहत में सुधार नहीं हो पाया और 10 मई को उनकी मौत हो गई।