उत्तराखंड के लिए बड़ा खतरा..महाराष्ट्र से ट्रक में छुपकर ऋषिकेश पहुंचे 62 लोग

अगर इनमें से एक भी प्रवासी कोरोना पॉजिटिव निकला, तो आप समझ सकते हैं कि ये कितना बड़ा खतरा साबित हो सकता है।
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Rishikesh truck: 68 people arrived in Rishikesh by truck amid lockdown
Image: 68 people arrived in Rishikesh by truck amid lockdown

ऋषिकेश: लॉकडाउन के चलते अलग-अलग राज्यों में फंसे प्रवासियों की हिम्मत जवाब देने लगी है। वो बस किसी तरह पहाड़ पहुंचना चाहते हैं, ताकि मुसीबत के इस वक्त में अपनों का साथ हासिल कर सकें। प्रवासियों का दर्द हम भी समझते हैं और सरकार भी, लेकिन उत्तराखंड पहुंचने के लिए कुछ लोग जैसे तरीके इस्तेमाल कर रहे हैं, वो उत्तराखंड को बड़े खतरे की तरफ धकेल रहा है। बाहर से आ रहे लोगों को इसका भी ध्यान रखना होगा। ऋषिकेश में पुलिस ने नासिक से चोरी-छिपे आ रहे 62 लोगों को पकड़ा है। अगर इनमें से एक भी प्रवासी कोरोना पॉजिटिव निकला, तो आप समझ सकते हैं कि ये कितना बड़ा खतरा साबित हो सकता है। ये लोग महाराष्ट्र के नासिक से एक ट्रक में छिपकर आए थे। जैसे ही ट्रक मुनिकीरेती पहुंचा। पुलिस ने कैलाश गेट बैरियर पर ट्रक को चेकिंग के लिए रोक लिया। तलाशी लेने पर उसमें से 68 लोग मिले। जिनमें 62 लोग उत्तराखंड के रहने वाले थे। इन प्रवासियों का दर्द आपको बताएंगे, तो आपका दिल भी तड़प उठेगा। आगे पढ़िए

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ये लोग पिछले तीन दिन से ट्रक में बैठे थे, सबकी हालत खराब थी। पुलिस ने इनकी हालत देख उप जिलाधिकारी नरेंद्रनगर से 2 बसों की मांग की। ट्रक में बैठे प्रवासियों को खाना खिलाने के बाद इन्हें बसों से रुद्रप्रयाग भेज दिया गया। इन लोगों ने बताया कि लॉकडाउन के चलते नासिक में रोजगार खत्म हो गया था। उत्तराखंड लौटने के लिए इन्होंने 35 सौ रुपए प्रति व्यक्ति के हिसाब से ट्रक को किराए पर लिया, और यहां पहुंच गए। प्रवासियों ने कहा कि हमने कभी सपने में भी नहीं सोचा था कि खुद के प्रदेश में भी हमें चोरी-छिपे आना पड़ेगा। खैर पुलिस ने भी इन प्रवासियों की तकलीफ समझी और खाना खिलाने के बाद इन्हें इनके घरों के लिए रवाना कर दिया, लेकिन इन्हें लाने वाले ट्रक चालक को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस ने ट्रक चालक के खिलाफ केस दर्ज किया है।