उत्तराखंड में शिक्षक की खुदकुशी से हड़कंप, खुद को गोली से उड़ाया

सत्यजीत सिंह प्राइमरी स्कूल में पढ़ाते थे। उनकी पत्नी बिजनौर के नगीना में शिक्षक है। सत्यजीत अपने पीछे एक 8 साल की बेटी को रोता-बिलखता छोड़ गए हैं।
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Uttarakhand teacher suicide: Teacher shot himself udham singh nagar
Image: Teacher shot himself udham singh nagar

उधमसिंह नगर: क्या आप अक्सर उदास रहते हैं? बेवजह रोने का दिल करता है? जिंदगी बेमतलब सी लगती है? अगर इन सवालों का जवाब ‘हां’ है, तो इन लक्षणों को इग्नोर ना करें। हो सकता है कि आप भी डिप्रेशन के शिकार हों। कोरोना काल में डिप्रेशन के चलते खुदकुशी के मामले तेजी से बढ़े हैं। तमाम परेशानियों से जूझ रहे लोग जिंदगी की बजाय मौत को गले लगा रहे हैं। ऊधमसिंहनगर के जसपुर में भी यही हुआ। यहां एक शिक्षक ने खुद को तमंचे से गोली मार ली। लहूलुहान युवक को परिजन अस्पताल ले जा रहे थे, लेकिन उसकी रास्ते में ही मौत हो गई। मरने वाले युवक की शिनाख्त 40 साल के सत्यजीत सिंह के रूप में हुई।

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सत्यजीत सिंह प्राइमरी स्कूल में पढ़ाते थे। उनकी पत्नी बिजनौर के नगीना में शिक्षक है। सत्यजीत अपने पीछे एक 8 साल की बेटी को रोता-बिलखता छोड़ गए हैं। परिजनों ने बताया कि सत्यजीत लंबे वक्त से डिप्रेशन से जूझ रहे थे। उनका इलाज भी चल रहा था। परिजनों को पूरी उम्मीद थी कि सत्यजीत डिप्रेशन को हराने में कामयाब हो जाएंगे, लेकिन उन्होंने डिप्रेशन के सामने घुटने टेक दिए। डिप्रेशन से जूझ रहे सत्यजीत ने बुधवार को खुदकुशी कर ली। सत्यजीत सिंह का परिवार जसपुर के चौहनान मोहल्ले में रहता है। बुधवार की रात करीब पौने तीन बजे सत्यजीत सिंह ने अपने दो मंजिले मकान के शौचालय के पास अपने पेट में देशी तमंचे से गोली मार ली।

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गोली की आवाज सुनकर सत्यजीत का भाई दीपक और मां तुरंत मौके पर पहुंचे। वहां लहूलुहान सत्यजीत शौचालय के पास पड़ा मिला। परिजन उसे किसी तरह सरकारी अस्पताल ले गए। जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे काशीपुर के लिए रेफर कर दिया गया। परिजन सत्यजीत को काशीपुर लेकर जा रहे थे, लेकिन उनकी रास्ते में ही मौत हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का जायजा लिया। पुलिस ने मौके से तमंचा बरामद किया है। गुरुवार शाम सत्यजीत सिंह का दाह संस्कार कर दिया गया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।