गढ़वाल से दुखद खबर, परिजनों ने स्कूटी नहीं दिलाई तो फांसी पर झूल गया 9वीं का छात्र

15 साल का किशोर अपने माता-पिता से स्कूटी खरीदने की जिद कर रहा था। परिजनों ने उसके नाबालिग होने का हवाला देते हुए इनकार किया तो किशोर ने फांसी लगा ली। आगे पढ़िए पूरी खबर
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Pauri Garhwal News: Divyanshu commits suicide in Srinagar
Image: Divyanshu commits suicide in Srinagar

पौड़ी गढ़वाल: माता-पिता बच्चों के लिए क्या नहीं करते। बच्चे ही उनकी पूरी दुनिया होते हैं। कभी प्यार से तो कभी डांट से बच्चे को समझाते हैं, पर कई बार बच्चे इस भावना को समझ नहीं पाते और ऐसा आत्मघाती कदम उठा लेते हैं, जो माता-पिता को जिंदगी भर का दर्द दे जाता है। पौड़ी गढ़वाल के श्रीनगर में भी यही हुआ। एक खबर के मुताबिक यहां 15 साल का किशोर अपने माता-पिता से स्कूटी खरीदने की जिद कर रहा था। छात्र 9वीं में पढ़ता था। माता-पिता ने उसे समझाया कि अभी वो नाबालिग है, किशोर नहीं माना तो माता-पिता ने उसे डांट दिया। बस इतनी सी बात पर किशोर ने फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। बच्चे की मौत के बाद घर में कोहराम मचा है। छोटी सी जिद के चक्कर में घर का इकलौता चिराग बुझ गया। घटना न्यू डांग क्षेत्र की है। जहां प्रदीप भंडारी अपने परिवार के साथ रहते हैं। उनका 15 साल का बेटा दिव्यांशु नवीं कक्षा में पढ़ता था।

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दिव्यांशु अपने दोस्तों को देखकर स्कूटी दिलाने की जिद कर रहा था। वो दादी से हर वक्त स्कूटी दिलाने की रट लगाए रहता। शुक्रवार को भी वो परिवार वालों से स्कूटी दिलाने को कहने लगा। परिजनों ने आर्थिक स्थिति का हवाला देते हुए उसे डांट दिया था। इसी बात से नाराज होकर उसने फांसी लगा ली। परिजनों ने बताया कि डांट से नाराज होकर दिव्यांशु अपने कमरे में चला गया। उसके पिता सो गए और मां टीवी देखने लगी। इसी बीच मां बेटे की कमरे की ओर गई तो वह फंदे से लटका मिला। परिजन उसे उतारकर उप जिला अस्पताल श्रीनगर ले गए, जहां से उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। मेडिकल कॉलेज श्रीनगर में किशोर को मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस के अनुसार, छात्र के पिता ने किसी भी प्रकार की कार्रवाई से इनकार करते हुए शव का पोस्टमार्टम नहीं करवाया। वह परिवार का इकलौता बेटा था। किशोर की मौत के बाद घरवालों का रो-रोकर बुरा हाल है।