चंपावत के पवनदीप बने इंडियन आइडल के विनर, अब उत्तराखंड के लिए करेंगे यादगार काम

बीती रात इंडियन आइडल के विजेता के रूप में जैसे ही पवनदीप के नाम की घोषणा हुई, वहां मौजूद उनके माता-पिता और परिजनों की आंखों से खुशी के आंसू छलक पड़े।
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Pawandeep Rajan: Pawandeep Rajan became Indian Idol
Image: Pawandeep Rajan became Indian Idol

चम्पावत: उत्तराखंड के रॉक स्टार पवनदीप राजन इंडियन आइडल-12 के विनर बन चुके हैं। 10 महीने के लंबे इंतजार के बाद 15 अगस्त की रात वो शानदार पल आया, जिसका हर उत्तराखंडवासी को बेसब्री से इंतजार था। पहाड़वासियों की दुआएं रंग लाईं, और पवनदीप राजन इंडियन आइडल का खिताब अपने नाम करने में कामयाब रहे। उत्तराखंड के रहने वाले पवनदीप को इंडियन आइडल की ट्रॉफी के साथ 25 लाख रुपये और एक कार इनाम में मिली है। पवनदीप की जीत के बाद उत्तराखंड में जश्न का माहौल है। बीती रात इंडियन आइडल के विजेता के रूप में जैसे ही पवनदीप के नाम की घोषणा हुई, वहां मौजूद उनके माता-पिता और परिजनों की आंखों में खुशी के आंसू छलक पड़े। वहीं ट्रॉफी की मजबूत दावेदार मानी जा रहीं अरुणिता कांजीलाल दूसरे स्थान पर रहीं। सयाली कांबले तीसरे, मोहम्मद दानिश चौथे, निहाल पांचवे और शनमुखप्रिया छठे स्थान पर रहीं। इस बार खुद को फिनाले की रेस में बनाए रखने के लिए कंटेस्टेंट्स को काफी संघर्ष करना पड़ा।

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शो का सीजन कंटेस्टेंट्स की दमदार सिगिंग के लिए ही नहीं बल्कि पवनदीप राजन और अरुणिता कांजीलाल के लिंक-अप के लिए भी खूब सुर्खियों में रहा। फैन्स को पवनदीप और अरुणिता की जोड़ी इतनी पसंद आई कि उन्होंने उन्हें 'अरुदीप' नाम तक दे दिया। हालांकि पवनदीप अरुणिता को अच्छी दोस्त ही बताते रहे हैं। शो जीतने के बाद पवनदीप ने एक इंटरव्यू में कहा कि वो इनाम में मिली रकम से अपने राज्य उत्तराखंड के लिए कुछ करना चाहते हैं। उन्होंने कहा, मैं उत्तराखंड से हूं और अभी यहां कि स्थिति ठीक नहीं है इसलिए में कुछ अपने राज्य के लिए करना चाहूंगा। मैं बच्चों के लिए एक म्यूजिक स्कूल भी खोलना चाहता हूं ताकि टैलेंटेड बच्चों को सही शिक्षा मिल सके। पवनदीप चंपावत जिले के रहने वाले हैं। वो वॉयस ऑफ इंडिया शो के विजेता रह चुके हैं। पवनदीप ने हिंदी गीतों के साथ ही पंजाबी, गढ़वाली और कुमाऊंनी गीतों को भी अपनी आवाज दी है।