उत्तराखंड: कैंची धाम से लौट रहे थे मां-पिता और बेटी, नदी में गिरी कार..चमत्कार से बची जान

बचाव टीमें मौके पर पहुंची तो कार की हालत देख उन्हें लगा कि सबकुछ खत्म हो गया होगा, लेकिन जब उन्होंने कार के भीतर झांका तो वहां का नजारा देख वो हैरान रह गए।
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kainchi dham car hadsa chamtkar: Family returning from kainchi dham had accident all are safe
Image: Family returning from kainchi dham had accident all are safe

हल्द्वानी: आज हम आपको एक ऐसे चमत्कार की कहानी सुनाने जा रहे हैं, जिसमें तीन लोगों ने मौत को मात देकर जिंदगी की जंग जीत ली।

Car fall in gaula river haldwani

घटना हल्द्वानी की है, जहां एक कार 100 फीट नीचे गौला नदी में जा गिरी। हादसे के वक्त कार में पति-पत्नी और उनकी पांच साल की बेटी सवार थी। बचाव टीमें मौके पर पहुंची तो कार की हालत देख उन्हें लगा कि सबकुछ खत्म हो गया होगा, लेकिन जब उन्होंने कार के भीतर सवार लोगों को सुरक्षित देखा तो वो हैरान रह गए। बचाव टीमों ने तुरंत अपना काम शुरू कर दिया और कोई अनहोनी होती उससे पहले ही पति-पत्नी और उनकी पांच साल की बेटी को कार से सुरक्षित बाहर निकाल लाए। जानकारी के मुताबिक दिल्ली के भजनपुरा में रहने वाले मोहित मिश्रा अपनी पत्नी प्रीति और बेटी नितिशा के साथ नैनीताल घूमने आए थे। आगे पढ़िए

मंगलवार को वह नीम करौली महाराज के दर्शन कर नैनीताल होते हुए हल्द्वानी लौट रहे थे। उनकी कार जैसे ही गुलाबघाटी के पास पहुंची मोहित ने कार पर से नियंत्रण खो दिया। जिसके बाद कार करीब 100 फीट नीचे नदी में जा गिरी। सूचना मिलते ही काठगोदाम पुलिस और एसडीआरएफ व सीआरपीएफ की टीमें मौके पर पहुंचीं और रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया। समय पर मिली मदद से पति-पत्नी और उनकी मासूम बेटी की जान बच गई। तीनों को नदी से निकालकर सरकारी वाहन से नैनीताल रोड स्थित निजी अस्पताल ले जाया गया। रेस्क्यू टीम के प्रयासों की सभी ने सराहना की। टीम के जवानों ने कहा कि ऊंचाई से गिरने की वजह से कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई थी, लेकिन इतने भीषण हादसे के बाद भी किसी को गंभीर चोट नहीं आना चमत्कार जैसा है। भगवान का शुक्र है कि पूरा परिवार सुरक्षित है।