उत्तराखंड के श्रीनगर डैम से छोड़ा गया पानी, चेतावनी रेखा से ऊपर बहने लगी गंगा, सभी घाट जलमग्न

Ganga water level increase श्रीनगर डैम से पानी छोड़े जाने के बाद हालात और भयावह हो गए हैं। गंगा नदी के साथ ही अन्य नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ा है।
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Ganga water level increase: Water released from Srinagar Garhwal Dam Ganga water level increase
Image: Water released from Srinagar Garhwal Dam Ganga water level increase

श्रीनगर गढ़वाल: मानसूनी बारिश उत्तराखंड के लिए आफत का सबब बनी हुई है। प्रदेशभर में 286 से ज्यादा सड़कें बंद हैं, नदियां-गदेरे उफनाए हुए हैं। जिससे नदी किनारे बसे लोगों में दहशत है।

Water released from Srinagar Garhwal Dam

श्रीनगर डैम से पानी छोड़े जाने के बाद हालात और भयावह हो गए हैं। गंगा नदी के साथ ही अन्य नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ा है। रविवार को गंगा के चेतावनी रेखा 339.50 से पांच सेमी ऊपर 339.55 मीटर बहने से लोगों में हड़कंप मचा रहा। ऋषिकेश के घाट गंगा नदी के पानी में डूब गए हैं। स्थानीय प्रशासन तटीय इलाकों में मुनादी करा रहा है, यहां बसे लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने के निर्देश दिए गए हैं। रविवार को हरिद्वार-ऋषिकेश में गंगा नदी का जलस्तर अचानक बढ़ गया। लक्ष्मणझूला, स्वर्गाश्रम, मुनि की रेती, त्रिवेणी घाट, श्यामपुर और रायवाला क्षेत्र में गंगा नदी घाटों से ऊपर बहने लगी।

Ganga water level increase

ऋषिकेश में जिस त्रिवेणी घाट पर गंगा नदी की आरती होती है, वहां भी नदी आरती स्थल से ऊपर बह रही थी। हालात को देखते हुए यहां पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है, जो कि लोगों को घाटों के करीब न जाने की चेतावनी दे रहे हैं। केंद्रीय जल आयोग के मुताबिक रविवार शाम 6 बजे गंगा चेतावनी रेखा 339.50 से पांच सेमी ऊपर 339.55 मीटर बहने लगी। ऐसे में प्रशासन ने मुनादी कर लोगों का अलर्ट किया। बता दें कि रविवार को श्रीनगर डैम से सुबह साढ़े आठ बजे लगभग 2 हजार से 3 हजार क्यूमैक्स पानी छोड़ा गया। जिससे निचले क्षेत्रों में नदी का जलस्तर और अधिक बढ़ गया। डैम से छोड़े गए पानी और लगातार बारिश के कारण गंगा और सहायक नदियां चेतावनी निशान से ऊपर बहने लगीं। लगातार बिगड़ते हालात को देखते हुए लोगों से नदी तटों पर न जाने की अपील की गई है।