देहरादून-पंतनगर सीधी हवाई सेवा होगी शुरू, आधे घंटे में पूरा होगा 6 घंटों का सफ़र.. जानिये किराया

देहरादून से पंतनगर जाना हो उसे पहले पिथौरागढ़ जाना पड़ेगा। फिर वहां से पंतनगर पहुंचना होगा। निवेशक सम्मेलन में देश-विदेश के निवेशकों ने उत्तराखंड से सीधे संपर्क मार्ग बढ़ाने की मांग उठाई थी। अब पंतनगर और जौलीग्रांट एयरपोर्ट को विकसित करने की योजना है
Advertisement Hidden Gem Treks of Kedar Himalaya You Must Explore Once in Life

Peaceful and untouched trekking routes away from the crowds. Hidden trails where nature still remains raw and pure.

Example Ads Media
Dehradun-Pantnagar Flight: Dehradun-Pantnagar direct air service will start
Image: Dehradun-Pantnagar direct air service will start

देहरादून: उत्तराखंड सरकार द्वारा प्रदेश में लगातार हवाई सेवाओं के विस्तार पर ध्यान दिया जा रहा है। इस कड़ी में अब देहरादून से पंतनगर के बीच सीधी हवाई सेवा शुरू करने की तैयारी चल रही है। इस योजना के शुरू होने से प्रदेश में पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा। निवेशकों और आम यात्रियों को तेज़ और सुविधाजनक यात्रा का विकल्प प्राप्त होगा। आपदा प्रबंधन में समय की बचत और राहत कार्यों में सहायता मिलेगी।

Dehradun-Pantnagar direct air service will start

उत्तराखंड आपदा की दृष्टि से संवेदनशील राज्य है, आपदा की स्थिति में सड़क मार्ग बंद हो जाने पर हवाई सेवाएं राहत और बचाव कार्यों में अहम योगदान देती हैं। ऐसे में उत्तराखंड सरकार प्रदेश में लगातार हवाई सेवाओं का विस्तार कर रही है। केंद्र सरकार की उड़ान (UDAN) योजना शुरू होने के बाद राज्य में हवाई और हेली सेवाओं का दायरा तेजी से बढ़ा है। इसी क्रम में उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास परिषद ने देहरादून के जौलीग्रांट एयरपोर्ट से लेकर पंतनगर तक के बीच सीधी हवाई सेवा शुरू करने की योजना बनाई है। अनुमान है कि इस योजना में लगभग 20 करोड़ रुपये की लागत आ सकती है। जल्द ही इसके लिए कंपनी का भी चयन किया जाएगा।

इतना लगेगा समय

वर्तमान में यदि यात्री को हवाई मार्ग के जरिए देहरादून से पंतनगर जाना हो उसे पहले पिथौरागढ़ जाना पड़ेगा। फिर वहां से पंतनगर पहुंचना होगा। देहरादून से पंतनगर के लिए हवाई सेवा शुरू होने के बाद 5.5 घंटे का सफ़र लगभग आधे घंटे में तय होगा जाएगा। इस योजना के शुरू होने से प्रदेश में पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा। निवेशकों और आम यात्रियों को तेज़ और सुविधाजनक यात्रा का विकल्प प्राप्त होगा। आपदा प्रबंधन में समय की बचत और राहत कार्यों में सहायता मिलेगी।

ये रहेगा किराया

प्रारंभिक अनुमान के अनुसार, इस हवाई सेवा का किराया 5 से 6 हजार रुपये के बीच रह सकता है। आपको बता दें कि हाल ही में हुए निवेशक सम्मेलन में देश-विदेश के निवेशकों ने उत्तराखंड से सीधे संपर्क मार्ग बढ़ाने की मांग उठाई थी। जिसके बाद सरकार ने प्रदेशे दो बड़े एयरपोर्ट – पंतनगर एयरपोर्ट और जौलीग्रांट एयरपोर्ट (देहरादून) को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विकसित करने की दिशा में कदम उठाए हैं। पंतनगर एयरपोर्ट के विस्तार के लिए जमीन अधिग्रहण का कार्य पूरा हो चुका है और निर्माण कार्य जारी है।