देवभूमि की नेहा रावत के जज्बे को सलाम...कैंसर होने पर भी नहीं छोड़ी पढ़ाई

नन्ही नेहा ने हाल ही में 8वीं पास की है। वो कैंसर पेशेंट हैं, लेकिन बीमार होने के बावजूद उन्होंने अपनी पढ़ाई नहीं छोड़ी।
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Uttarakhand: Neha rawat of haridwar
Image: Neha rawat of haridwar

हरिद्वार: कैंसर एक ऐसी बीमारी है, जो मरीज के साथ-साथ उसके परिवार को भी तोड़ कर रख देती है। ऐसी बीमारी जो कि बड़े-बड़े लोगों को भी पस्त कर देती है...उनमें जीने की इच्छा खत्म कर देती है, उस गंभीर बीमारी से हरिद्वार की एक नन्हीं बच्ची ना सिर्फ लड़ रही है, बल्कि अपनी पढ़ाई जारी रख अपनी हिम्मत का लोहा भी मनवा रही है। ये बच्ची है पथरी क्षेत्र में रहने वाली नेहा रावत...जिसने हाल ही में 8वीं पास की है। 8वीं का रिजल्ट जारी होने पर नेहा को स्कूल की तरफ से सम्मानित किया गया। ये मौका नेहा के साथ-साथ उसके परिजनों और टीचर्स के लिए भी बेहद खास था क्योंकि कैंसर पेशेंट नेहा ने अच्छे अंकों से 8वीं पास की है, और वो आगे भी पढ़ाई जारी रखना चाहती हैं। स्कूल में नेहा को सम्मानित किया गया और उनकी हौसला अफजाई की गई। नेहा बेहद प्रतिभाशाली हैं। वो पढ़ाई में तो अव्वल है ही साथ ही खेलकूद और दूसरी गतिविधियों में भी हिस्सा लेती रहती हैं। कैंसर के दर्द को सह रही नेहा कभी अपने चेहरे की मुस्कान और चमक को कम नहीं होने देती।

नेहा डोंगीवाला गांव की रहने वाली हैं। उनके पिता दीपक रावत एक प्राइवेट कंपनी में काम करते हैं। नेहा के परिवार वाले गरीब हैं उस पर बेटी की कैंसर जैसी गंभीर बीमारी ने उन्हें तोड़ कर रख दिया है। परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं होने के कारण इलाज के लिए क्षेत्र के लोगों ने पैसे देकर परिवार की सहायता की है। इस वक्त नेहा पथरी के क्रिस्ट ज्योति एकेडमी में पढ़ रही हैं। कैंसर जैसी गंभीर बीमारी होने के बाद भी नेहा ने अपनी पढ़ाई नहीं छोड़ी...हाल ही में नेहा ने अच्छे अंकों के साथ 8वीं पास की। इस बच्ची का हौसला बढ़ाने के लिए उसके स्कूल में कार्यक्रम आयोजित किया गया था, जिसमें नेहा को सम्मानित किया गया...उसके साहस की तारीफ हुई। टीचर्स ने भी नेहा की पढ़ाई के लिए हरसंभव मदद का आश्वासन दिया है। टीचर्स ने कहा कि नेहा जिस तरह कैंसर से लड़कर अपनी पढ़ाई जारी रखे हुए है, वो वाकई बेहद हिम्मत का काम है। दूसरे छात्रों को भी नेहा से प्रेरणा लेनी चाहिए।