उत्तराखंड: भूस्खलन से मिलेगी राहत, यहां हाईटेक डबल लेन टनल से गुजरेगा नेशनल हाईवे

यमुनोत्री हाईवे पर स्थित भूस्खलन जोन डाबरकोट में नेशनल हाईवे अथॉरिटी चार सौ मीटर लंबी सुरंग बनाएगी। प्रस्ताव को मंजूरी मिल गई है। अब डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार की जानी है...
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Uttarakhand Yamunotri Highway: Yamunotri highway tunnel dabarkote
Image: Yamunotri highway tunnel dabarkote

उत्तरकाशी: लॉकडाउन में मिली ढील के बाद उत्तराखंड में बड़ी परियोजनाओं का काम रफ्तार पकड़ने लगा है। चारधाम यात्रा को सुगम और सुरक्षित बनाने की कवायद जारी है। इसी कड़ी में यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर नासूर बन चुके डाबरकोट भूस्खलन जोन में ट्रीटमेंट का काम शुरू होने वाला है। डाबरकोट में नेशनल हाईवे अथॉरिटी चार सौ मीटर लंबी सुरंग बनाएगी। प्रस्ताव को मंजूरी मिल गई है। अब डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार की जानी है। डीपीआर तैयार होते ही प्रोजेक्ट पर काम शुरू हो जाएगा। बड़कोट में डाबरकोट भूस्खलन जोन के ट्रीटमेंट से यमुनोत्री धाम की यात्रा सुगम बनेगी। चारधाम पर आने वाले यात्रियों को इससे काफी फायदा होगा। डाबरकोट भूस्खलन जोन यमुनोत्री धाम से 20 किलोमीटर दूर स्थित है। साल 2017 में उभरा ये भूस्खलन जोन यमुनोत्री यात्रा में बड़ी चुनौती बना हुआ है। जून 2018 से अक्टूबर 2018 तक इस जगह पर मलबा आने की वजह से सड़क 1200 घंटे बंद रही थी। तब यमुनोत्री धाम की यात्रा पर आने वाले यात्रियों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा था।

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सालभर सक्रिय रहने वाले इस भूस्खलन जोन के ट्रीटमेंट के लिए लंबे वक्त से कवायद चल रही है। भूगर्म वैज्ञानिकों ने यहां का सर्वेक्षण भी किया था, लेकिन समस्या का समाधान नहीं निकला। इसके बाद यहां वैकल्पिक मार्ग बनाने की कोशिशें भी हुई, लेकिन कामयाबी नहीं मिली। रास्ते से मलबा हटाने के लिए यहां दो जेसीबी दिन-रात खड़ी रहती हैं। अब एनएच यहां सुरंग तैयार करेगा। अधिशासी अभियंता नवनीत पांडेय ने बताया कि एनएच यहां पर सुरंग तैयार करेगा। प्रस्ताव को मंजूरी मिल गई है। जल्द ही डीपीआर तैयार कराई जाएगी। इसके अलावा यमुनोत्री नेशनल हाईवे पर ऑलवेदर रोड प्रोजेक्ट के तहत चौड़ीकरण का काम भी किया जा रहा है। यहां पाल गांव से पॉलीगाड तक 21 किलोमीटर लंबी सड़क को 10 मीटर चौड़ा किया जा रहा है। आपको बता दें कि उत्तरकाशी में यमुनोत्री हाईवे पर उत्तराखंड की सबसे लंबी सड़क सुरंग का काम भी जोरों पर है। ये सड़क सुरंग सिलक्यारा पोल गांव में बनाई जा रही, जिसका निर्माण ऑल वेदर रोड परियोजना के तहत किया जा रहा है। सुरंग बन जाने से गंगा और यमुना घाटी के बीच 26 किलोमीटर का फासला कम हो जाएगा। जिससे चारधाम यात्रा सुरक्षित और सुविधाजनक बनेगी।