बागेश्वर जिले के सरयू नदी पर बन रहे निर्माणाधीन पुल की हालत बनने से पहले ही चरमरा उठी है और पुल एक तरफ झुक गया है।
-
Komal Negi
-
Advertisement
Triyuginarayan - World’s Most Divine Wedding Destination
Couples are choosing the sacred land of Lord Shiva’s wedding to begin their own love stories.
Example Ads Media
Image: Bridge being built on Saryu river in Bageshwar tilted to one side
बागेश्वर: विकास कार्यों के निर्माण में इस्तेमाल की जा रही सामग्री की गुणवत्ता पर अक्सर सवाल उठते हैं। कई बार निर्माण कार्य बिना किसी शिकायत के खुद ही सब कुछ बयां कर देते हैं।बागेश्वर में भी कुछ ऐसा ही देखने को मिला। बागेश्वर जिले की सरयू नदी पर इन दिनों 3.16 करोड़ की लागत से जोरों-शोरों से पुल बन रहा है। मगर बनने से पहले ही पुल की हालत खस्ता हो गई है। बागेश्वर जिले के सरयू नदी पर बन रहा निर्माणाधीन पुल की हालत बनने से पहले ही चरमरा उठी है और पुल एक तरफ झुक गया है। पुल के झुकने के साथ ही कार्यदाई संस्था पर तमाम सवाल उठने शुरू हो गए हैं। ऐसा पहली बार नहीं है कि किसी निर्माण कार्य के बीच में इस तरह की समस्या आई हो। उत्तराखंड में कई कंस्ट्रक्शन कार्यों में निर्माण संस्था द्वारा घटिया माल के इस्तेमाल के चलते इस प्रकार की खबरें सुनने में आती ही रहती हैं।
यह भी पढ़ें - उत्तराखंड: तेज बारिश में भरभरा कर गिरी पुल की दीवार, आपदा ने बढाई आफत..देखिए वीडियो
पुल की हालत इस कदर खराब है कि लोग यह तक कह रहे हैं कि बनने से पहले ही पुल कहीं पूरी तरह क्षतिग्रस्त ना हो जाए। पुल को देखकर यह लग रहा है कि यहां पर कभी भी एक बड़ा हादसा हो सकता है और इसी के साथ पुल का निर्माण कर रही कंपनी के ऊपर भी बड़े सवाल खड़े हो गए हैं।बता दें कि बागेश्वर के सरयू बगड़ में बागनाथ मंदिर के पास सरयू नदी के ऊपर एक पुल का निर्माण किया जा रहा है। पुल की लागत 3.16 करोड रुपए बताई जा रही है। यह पुल नुमाइश खेत के पास विकास भवन रोड पर जाकर मिलता है। 70 मीटर स्पान स्टील का यह पुल कई लोगों के लिए वरदान है मगर फिलहाल तो यह वरदान किसी अभिशाप से कम नहीं है क्योंकि पुल की हालत काफी खराब हो गई है और पुल एक तरफ से पूरी तरह झुक गया है। पुल की चरमराई हुई हालत गंभीर हादसे को भी आमंत्रण दे रही है।
यह भी पढ़ें - उत्तराखंड: मौसम की मार, कई जगह सड़कें बंद..आज 5 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
इस पुल के निर्माण की मांग स्थानीय लोग लंबे समय से कर रहे थे। उत्तरायणी मेले में नुमाइश खेत मैदान तक जाने के लिए लोगों को सरयू नदी को पार करना पड़ता है और हर साल नगरपालिका मेले के समय नदी पार करने के लिए एक लोहे का अस्थाई पुल तैयार करती है जिसको मेला संपन्न होने के बाद हटा दिया जाता है। लंबे समय से इस समस्या के समाधान के लिए स्थानीय लोग सरयू बगड़ से नुमाइश खेत तक जाने के लिए एक स्थाई पुल बनाने की मांग कर रहे थे। लोगों की मांग को मानते हुए विधायक ने पुल का प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजा और प्रस्ताव पास होने के बाद पुल का निर्माण भी शुरू हो गया मगर निर्माण कार्य के बीच में ही पुल की हालत खराब हो गई है। कार्यदाई संस्था लोक निर्माण विभाग पुल बनाने का कार्य कर रही है मगर संस्था की ओर से लापरवाही के चलते पुल तैयार होने से पहले ही एक ओर से झुक गया है। वहीं सहायक अधिशासी अभियंता ने बताया कि जैक स्लिप होने के कारण पुल एक तरफ से झुक गया है और इस पुल को ठीक करने का काम संस्था द्वारा किया जा रहा है।