गढ़वाल: जवाड़ गांव की निहारिका को बधाई, UPSC में पाई सफलता...देशभर में 121वीं

निहारिका पहले भी तीन बार यूपीएससी की परीक्षा दे चुकी हैं। तीसरे प्रयास में वह इंटरव्यू में बाहर हो गई थीं, फिर भी उन्होंने हार नहीं मानीं और चौथे प्रयास में परीक्षा पास कर ली।
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Pauri garhwal niharika: Pauri garhwal niharika clear upsc exam
Image: Pauri garhwal niharika clear upsc exam

पौड़ी गढ़वाल: यूपीएससी की परीक्षा में देहरादून निवासी निहारिका तोमर ने 121वीं रैंक हासिल कर उत्तराखंड का मान बढ़ाया है। निहारिका की सफलता से जिले में जश्न का माहौल है, उन्हें खूब बधाईयां मिल रही हैं। निहारिका ने यह सफलता चौथे प्रयास में हासिल की है। वो मूल रूप से पौड़ी गढ़वाल जिले के द्वारीखाल के ग्राम जवाड़ की रहने वाली हैं। निहारिका बचपन से देहरादून में रही हैं। उनकी शिक्षा भी यहीं हुई। निहारिका के पिता केवी ओएनजीसी में शिक्षक हैं। निहारिका की सफलता कई मायनों में खास है। उन्होंने यूपीएससी की तैयारी के लिए वैकल्पिक विषय पॉलिटिकल साइंस एंड इंटरनेशनल रिलेशन के लिए तीन महीने दिल्ली में कोचिंग ली। इसके अलावा उन्होंने कोई कोचिंग नहीं ली। घर पर रहकर परीक्षा की तैयारी की और आखिरकार अपने सपने को सच करने में कामयाब रहीं। निहारिका ने सातवीं कक्षा तक गौतम इंटरनेशनल स्कूल में पढ़ाई की।

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केवी ओएनजीसी से इंटर करने के बाद उन्होंने पंतनगर विश्वविद्यालय से बीटेक किया। निहारिका पहले भी तीन बार यूपीएससी की परीक्षा दे चुकी हैं। तीसरे प्रयास में वह इंटरव्यू से बाहर हो गई। फिर भी निहारिका ने हार नहीं मानी और चौथे प्रयास में 121वीं रैंक हासिल की। निहारिका दो बहनों में छोटी हैं। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय अपने मम्मी-पापा को देते हुए कहा कि, परिजनों ने दोनो बेटियों को हमेशा आगे बढ़ने की प्रेरणा दी। बेटियां किसी भी क्षेत्र में बेटों से कम नहीं हैं। वह कोई भी मुकाम हासिल कर सकती हैं। निहारिका कहती हैं कि कोई भी काम असंभव नहीं होता, बल्कि इसके लिए दृढ़ इच्छा शक्ति की जरूरत होती है। वो अब आईएएस या आईपीएस बनकर समाज के लिए कुछ बेहतर करना चाहती हैं। राज्य समीक्षा टीम की तरफ से निहारिका को उज्जवल भविष्य के लिए ढेरों शुभकामनाएं।