9 नवंबर की रात बदमाशों ने गोली मारकर बुजुर्ग जगीरा सिंह की हत्या कर दी थी। इस मामले में पुलिस ने शूटर और मृतक के बेटे समेत 5 परिजनों को गिरफ्तार किया है।
-
Komal Negi
-
Image: Update on the murder of Jagira Singh in Nanakmatta
उधमसिंह नगर: रंजिश और बदले की आग किसी इंसान को किस कदर अंधा बना सकती है, इसकी एक बानगी ऊधमसिंहनगर में देखने को मिली। जहां ग्राम प्रधान समेत अन्य लोगों को झूठे मुकदमे में फंसाने के लिए एक बेटे ने अपने ही पिता का कत्ल करा दिया। मामले का खुलासा हुआ तो पुलिस और स्थानीय लोग हैरान रह गए। मामले में पुलिस ने मृतक के बेटे, बहू और समधन समेत 6 लोगों को गिरफ्तार किया है। घटना 9 नवंबर की है। रुद्रपुर के नानकमत्ता थाना क्षेत्र के ध्यानपुर में एक वृद्ध जगीरा सिंह को बदमाशों ने गोली मार दी थी। परिजन बुजुर्ग को अस्पताल ले गए जहां उसकी मौत हो गई। पुलिस ने जांच शुरू करते हुए मृतक की समधन राजविंदर कौर और बहू लविंदर कौर से पूछताछ की तो उन्होंने बताया कि उनके परिवार का ध्यानपुर ग्राम प्रधान समर सिंह, बलविंद्र सिंह, लखविंदर सिंह, द्वारिका प्रसाद, सुंदर सिंह, जितेंद्र सिंह और धमेंद्र सिंह से जमीनी विवाद चल रहा था। जिस कारण उन्होंने घर के आंगन में सो रहे जगीरा सिंह पर गोली चला दी।
यह भी पढ़ें - देहरादून वाले ध्यान दें, कहीं आपका घर नकली सीमेंट से तो नहीं बना? पुलिस ने किया बड़ा खुलासा
घटना के बाद जब पुलिस ने आरोपियों के घर में दबिश दी तो सभी घर में सोते हुए मिले। शक होने पर पुलिस में जांच आगे बढ़ाई और एक शूटर जसवंत सिंह को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी जसवंत सिंह ने जगीरा सिंह पर गोली चलाने की बात कबूल कर ली। आरोपी ने ये भी बताया कि दूसरे पक्ष के लोगों को फंसाने के लिए मृतक की बहू, बेटे और समधन ने अपनी बड़ी बेटी और बेटे के साथ मिलकर जगीरा सिंह पर गोली चलाने की साजिश रची थी। इसके लिए जसवंत सिंह को 50 हजार रुपये दिए जाने थे। इस मामले में पुलिस ने शूटर जसवंत सिंह सहित 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जिनमें मृतक का बेटा कुलवंत सिंह, बहू राजविंदर कौर, बहू की मां गुरदीप कौर, बड़ी बहन लविंदर कौर और भाई सूरज सिंह शामिल हैं। शनिवार को आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया।