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No reels. No crowds. Just Kedar Himalaya - This trek doesn’t want to be famous..
Alpine meadows, dense forests, and snow-capped peaks in one journey. Suitable for both beginner and experienced trekkers.
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चम्पावत: शौक बड़ी चीज है। किसी को कारों के कलेक्शन का शौक होता है, तो किसी को बाइक या फिर दूसरी अनोखी चीजों का, लेकिन पहाड़ के रहने वाले हार्दिक तिवारी (Champawat Hardik Tiwari 80 countries currency) का शौक कुछ अलग है। चंपावत के हार्दिक तिवारी को देश के साथ-साथ विदेशों की पुरानी करेंसी इकट्ठा करने का शौक है। उनके पास भारत समेत विश्व भर के 80 से ज्यादा देशों की करेंसी उपलब्ध है। हार्दिक ने अपने घर में पुराने कलेक्शन का एक छोटा सा म्यूजियम भी बना रखा है। आने वाली पीढ़ियों के लिए यह मुद्राओं का संग्रह किसी संग्रहालय से कम नहीं होगा। चंपावत के मुख्य बाजार में रहने वाले हार्दिक तिवारी 19 साल के हैं। वह दिल्ली यूनिवर्सिटी में बीकॉम सेकेंड ईयर के स्टूडेंट हैं। हार्दिक 12 साल की उम्र से ही पुराने भारतीय नोट और सिक्कों के साथ विदेशी करेंसी का कलेक्शन कर रहे हैं। इसकी शुरुआत के पीछे एक दिलचस्प कहानी है। हार्दिक बताते हैं कि उनके पिता प्रकाश तिवारी का चंपावत में होटल है, वहां अक्सर विदेशी पर्यटक आते थे। इस दौरान हार्दिक उन्हें क्षेत्र के पर्यटक स्थलों पर घुमाने लेकर जाते थे। आगे पढ़िए