Advertisement
Secret Himalayan Treks Near Kedarnath You’ve Never Heard Of
Trails once used by sages, locals, and shepherds. Ideal for travelers seeking silence over social media fame.
Example Ads Media
पौड़ी गढ़वाल: जल संस्थान के एक इंजीनियर ने पुत्र मोह के चलते (Pauri jal sansthan rakesh Tarun sharma suspended) तमाम नियम कायदों को ताक पर रख दिया। इंजीनियर ने जल जीवन मिशन के तहत अपने ही बेटे को काम का ठेका दे दिया। सोचा विभाग का पैसा घर में आ जाएगा। मामले की जांच हुई तो झोल पकड़ में आ गया। अब आरोपी इंजीनियर को निलंबित कर दिया गया है। एक अन्य इंजीनियर के खिलाफ भी निलंबन की कार्रवाई हुई है। पेयजल सचिव नितेश झा ने इस संबंध में आदेश जारी किए। पहला मामला जल संस्थान के पौड़ी सब डिवीजन का है। जहां असिस्टेंट इंजीनियर राकेश कुमार वर्मा के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई हुई। असिस्टेंट इंजीनियर राकेश कुमार वर्मा पर आरोप है कि उन्होंने जल जीवन मिशन के तहत काम का ठेका अपने बेटे को दिया। जांच में पता चला कि राकेश कुमार वर्मा ने अपने बेटे को एक वर्ष के अंतराल में जल जीवन मिशन की 11 योजनाएं और दो जिला योजनाएं आवंटित की। मामले की जांच जल संस्थान के मुख्य महाप्रबंधक एसके शर्मा ने की। जांच अधिकारी की सिफारिश पर सचिव ने उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। दूसरा मामला ऊधमसिंहनगर का है। जहां एग्जीक्यूटिव इंजीनियर तरुण शर्मा के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई हुई। इंजीनियर साहब पर आरोप है कि वो मेडिकल लीव पर गए। छुट्टी से वापस आए तो उच्च अधिकारियों को बताए बिना खुद ही चार्ज ग्रहण कर लिया। अब तरुण शर्मा को कर्मचारी आचरण नियमावली के उल्लंघन का आरोपी मानते हुए निलंबित कर दिया गया है। इस मामले की जांच भी सीजीएम एसके शर्मा ने की। उनकी सिफारिश पर दोनों इंजीनियर के खिलाफ निलंबन (Pauri jal sansthan rakesh Tarun sharma suspended) की कार्रवाई हुई है
यह भी पढ़ें - उत्तराखंड में दिल्ली-UP से आने वाले लोगों को राहत, गाड़ियों के लिए बदले गए नियम