उत्तराखंड: शिशुवा गांव का बेटा बना आर्मी अफसर, CDS बिपिन रावत की जिंदगी से ली प्रेरणा

देहरादून के अनुभव पांडे (Dehradun Anubhav Pandey Army Officer) ने सेना में लेफ्टिनेंट बनकर बढ़ाया प्रदेश का मान, आप भी दें बधाई-
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Dehradun Anubhav Pandey: Anubhav Pandey of Dehradun became an army officer
Image: Anubhav Pandey of Dehradun became an army officer

अल्मोड़ा: बीता शनिवार बेहद खास रहा। बीते शनिवार को देहरादून के भारतीय सैन्य अकादमी में प्रदेश के कई युवा भारतीय सेना में शामिल हुए और प्रदेश का मान बढ़ाया। देहरादून के अनुभव पांडे (Dehradun Anubhav Pandey Army Officer) का नाम भी उन होनहार युवाओं में शामिल है जो कि बीते शनिवार को देहरादून के भारतीय सेना अकादमी में अंतिम पग भरकर भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट के पद पर तैनात हो गए हैं। देहरादून के अनुभव पांडे सीडीएस जनरल बिपिन रावत को अपना आदर्श मानते हैं। उनको भी गोरखा रेजिमेंट की इनफेंट्री यूनिट में तैनाती मिली है। मूल रूप से शिशुवा गांव (ताड़ीखेत ब्लाक) निवासी अनुभव पांडे ने बीते शनिवार को भारतीय सैन्य अकादमी की पासिंग आउट परेड में अंतिम पग भरा और भारतीय सेना का अटूट अंग बने। उनकी इस उपलब्धि के बाद से उनके पूरे क्षेत्र में खुशी की लहर छा गई है और उनके परिजनों के बीच में भी हर्षोल्लास का माहौल साफ देखने को मिल रहा है। आगे पढ़िए

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अनुभव के भारतीय सेना में शामिल होते हैं उनके स्वजन व क्षेत्रवासी खुशी से झूम उठे। भारतीय सेना में सैन्य अधिकारी बने अनुभव के पिता दिनेश चंद्र पांडे विकासखंड कार्यालय में प्रशासनिक अधिकारी के पद पर तैनात हैं। उनकी माता गीता पांडे राजकीय प्राथमिक विद्यालय में सहायक अध्यापिका हैं। अनुभव की प्रारंभिक शिक्षा गोविंद सिंह माहरा स्प्रिंग फील्ड पब्लिक स्कूल से हुई। उन्होंने आर्मी पब्लिक स्कूल (एपीएस) से 12वीं उत्तीर्ण की और वर्ष 2017 में उनकी कड़ी मेहनत की बदौलत उन्होंने एनडीए की परीक्षा क्रैक कर ली और उनका चयन एनडीए के लिए हो गया।उनकी सेवानिवृत्त दादी राधिका पांडे ने लाडले पोते को भारतीय फौज में अधिकारी बनने की प्रेरणा दी। चार वर्ष के कठिन प्रशिक्षण व परिश्रम के बाद अनुभव (Dehradun Anubhav Pandey Army Officer) भारतीय सेना के अंग बन गए। पासिंग आउट परेड में उनके माता-पिता व ऊर्जा विभाग से सेवानिवृत्त उनकी दादी राधिका पांडे भी मौजूद रहीं।