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देहरादून: अपने बच्चे को एनडीए कोचिंग के लिए देहरादून भेजने वाले पैरेंट्स सतर्क रहें। एजुकेशन हब के रूप में मशहूर देहरादून में अब शिक्षा के नाम पर भी ठगी होने लगी है।
यहां एक एकेडमी ने एनडीए की कोचिंग के नाम पर 160 बच्चों को ठग लिया। छत्तीसगढ़ के भिलाई की रहने वाली हिना राठौड़ ने इस बारे में डीजीपी अशोक कुमार से शिकायत की। जिसके बाद डीजीपी ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं। शिकायतकर्ता हिना राठौड़ ने बताया कि उनका बेटा पराग राठौड़ डीपीएस भिलाई में पढ़ रहा था। एक दिन उसे इंटरनेट पर देहरादून में स्कूल के साथ-साथ एनडीए कोचिंग करवाने वाली ऑफिसर एनडीए एकेडमी के बारे में पता चला। पराग को भी एनडीए कोचिंग करनी थी। ऑफिसर एनडीए एकेडमी से संपर्क किया गया तो बताया गया कि कोचिंग सेंटर का पेस्टल विल स्कूल के साथ समझौता है। बच्चों को सुबह स्कूल भेजा जाता है, जबकि शाम को एनडीए की तैयारी कराई जाती है।
परिजनों ने करीब ढाई लाख रुपये देकर कोचिंग सेंटर में पराग का दाखिला करवा दिया। आरोप है कि एक साल बीत जाने पर भी पराग को न तो किसी स्कूल में एडमिशन मिला और न ही उसे एनडीए की कोई ट्रेनिंग दी गई। ऐसे में बच्चे का पूरा साल खराब हो गया। शिक्षा के नाम पर ठगी के बाद जब कई बच्चों के परिजन पेस्टल विल स्कूल पहुंचे तो स्कूल के चेयरमैन प्रेम कुमार कश्यप ने बताया कि उन्होंने अपना हॉस्टल संबंधित एकेडमी को किराये पर दिया था। एकेडमी पर 34 लाख रुपये बकाया हैं। धनराशि मांगने पर एकेडमी के स्टाफ ने बच्चों को कहीं और शिफ्ट कर दिया। Dehradun Officer NDA Academy ने इसी तरह 160 बच्चों के साथ खिलवाड़ किया है। मामले का संज्ञान लेते हुए पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार DGP Ashok Kumar ने बताया कि यह बहुत ही गंभीर मामला है। एसएसपी को इस मामले की जांच सौंपी गई है। जांच के बाद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाएगा।