केदारनाथ में पशु क्रूरता के खिलाफ एक्शन शुरू, दो खच्चर स्वामियों पर मुकदमा दर्ज

पशुओं पर हो रही क्रूरता के खिलाफ अभियान हुआ शुरू, दो खच्चर स्वामियों पर मुकदमा दर्ज..पढ़िए पूरी खबर
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प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।

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kedarnath horse mule death: action against animal cruelty in Kedarnath
Image: action against animal cruelty in Kedarnath

रुद्रप्रयाग: केदारनाथ पैदल मार्ग पर घोड़ों और खच्चरों के साथ जिस तरह का दयनीय बर्ताव किया जा रहा है उसके खिलाफ सख्त एक्शन भी लिया जा रहा है।

action against animal cruelty in Kedarnath

कई शिकायतों के बाद आखिरकार पशुपालन विभाग की नींद खुली है और पशुपालन विभाग ऐसे घोड़े और खच्चरों के मालिकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर रहा है जो कि अधिक मुनाफा कमाने के लिए उनकी जान दांव पर लगा रहे हैं और उनसे उनकी क्षमता से अधिक काम करवा रहे हैं। ना ही घोड़े और खच्चरों को केदारनाथ में पीने के लिए गर्म पानी मिल रहा है और ना ही ठीक से खाना मिल रहा है। बहुत ही कम पानी और खाने में घोड़े और खच्चर अपनी क्षमता से अधिक भार उठा रहे हैं और अब तक कई घोड़े और खच्चरों की केदारनाथ में मृत्यु हो चुकी है। ऐसे में इनके मालिकों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। चेकिंग के दौरान पशुपालन विभाग की टीम ने घोड़ा-खच्चरों के संचालन के मामले में पशु क्रूरता अधिनियम के तहत दो पशु स्वामियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराया गया है। साथ ही अन्य को भी जरूरी निर्देश दिए गए हैं।पशुपालन विभाग ने डा. राजीव गोयल और डा. दीपमणि गुप्ता के नेतृत्व में टीम गठित कर गौरीकुंड में तैनात कर दी गई है। टीम में पशुपालन विभाग के साथ पुलिस और सेक्टर मजिस्ट्रेट को भी शामिल किया गया है।

यह टीम गौरीकुंड से केदारनाथ तक चेकिंग करते हुए कमजोर, बीमार घोड़े खच्चरों के संचालन के साथ ही जानवर पर ओवर वेट, बिना पंजीकरण व लाइसेंस के मामलों की पड़ताल कर कार्रवाई करेगी। तैनात टीम से प्रतिदिन की रिपोर्ट मांगी जा रही है। केदारनाथ यात्रा पैदल मार्ग पर विभागी टीम ने चेकिंग के दौरान देखा कि दिलवर सिंह, ग्राम खुमेरा का खच्चर चलने में असमर्थ है। बावजूद, पशुपालक उसे यात्रा में जबरन लाया है। खच्चर को तत्काल उपचार के लिए गौरीकुंड लाया गया। वहीं, पशु स्वामी मोहम्मद शहवान ग्राम शाहनपुर, नजीमाबाद, बिजनौर अपने छोटे खच्चर पर अधिक भार ढुलान कर रहा है। खच्चर पर एक व्यस्क के साथ 10-12 वर्ष का बच्चा भी बैठा मिला। अधिक भार ढुलान से खच्चर की तबीयत बिगड़ने की संभावना को देखते हुए पशु स्वामी के खिलाफ मौके पर ही कार्रवाई की गई। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डा. आशीष रावत ने बताया कि दोनों पशुपालकों के खिलाफ सोनप्रयाग कोतवाली में एफआईआर दर्ज कराई गई है।