Advertisement
Hidden Gem Treks of Kedar Himalaya You Must Explore Once in Life
Peaceful and untouched trekking routes away from the crowds. Hidden trails where nature still remains raw and pure.
Example Ads Media
एक ओर हम बात करते हैं कि जानवरों के साथ अच्छा सलूक करना चाहिए वहीं दूसरी ओर ऐसी ह्रदयविदारक खबरें मनुष्यों पर बड़े सवाल खड़े करती है। उत्तराखंड के काशीपुर में कुछ ऐसा ही देखने को मिला। यहां एक निर्दयी पिता-पुत्र ने क्रिकेट बैट से कुत्ते को पीटकर मारा डाला। अमानवीयता की हद देखिए, पुलिस ने भी इस मामले पर कोई सख्त एक्शन नहीं लिया। वो तो मेनका गांधी के हस्तक्षेप के बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया। कुत्ते के साथ हुई बर्बरता की सीसीटीवी फुटेज के साथ शिकायत करने पर भी पुलिस ने कार्रवाई नहीं की। इस पर आरोपी के खुद के पुत्र ने पूर्व केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी से ई-मेल के माध्यम से संपर्क साधा। पशु अधिकार कार्यकर्ता, और पर्यावरणविद् मेनका गांधी के हस्तक्षेप पर पुलिस ने शिकायतकर्ता शिक्षक के पिता और भाई के खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम में मुकदमा दर्ज कर लिया है। चलिए आपको बताते हैं कि आखिर यह पूरा मामला क्या है।
दरअसल उधम सिंह नगर के काशीपुर में स्थित ग्राम कुदईंयावाला निवासी रेखा ने बताया कि उसने चार महीने पहले कुंडा थाना पुलिस को तहरीर दी थी। उन्होंने कहा कि उनके पति पंकज कुमार सल्ट (अल्मोड़ा) में अध्यापक हैं और वह अपने ससुर सुरेंद्र सिंह के मकान के बगल में रहती हैं। उनके घर के आसपास एक कुत्ता टहलता था जिसे वह अक्सर खाना देती थी। आरोप है कि 22 फरवरी को शाम करीब 7:40 बजे उसके ससुर सुरेंद्र और देवर अमित कुमार ने क्रिकेट बैट से उस कुत्ते की बेरहमी से पीट पीट कर हत्या कर दी। यह पूरी घटना सीसीटीवी में कैद हो गई। रेखा ने बताया कि हत्यारों की जान पहचान पुलिस में होने की वजह से पुलिस ने इस मामले में कोई भी कार्यवाही नहीं की और मामले को रफा-दफा कर दिया। इसके बाद रेखा के पति पंकज ने घटना की जानकारी मेनका गांधी को मेल पर भेजी। इस पर मेनका गांधी ने काशीपुर सीओ आशीष भारद्वाज और एसओ प्रदीप नेगी से बात की।बताया गया कि Maneka Gandhi के हस्तक्षेप के बाद पुलिस ने तहरीर के आधार पर सुरेंद्र और उसके पुत्र अमित के खिलाफ धारा 428 और पशु क्रूरता अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। कुंडा थाना प्रभारी प्रदीप नेगी ने बताया कि कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर मामले की गहराई से जांच की जा रही है।