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90% ट्रेकर्स नहीं जानते केदार हिमालय के ये सीक्रेट रूट्स
प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।
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इस एक्सप्रेस वे के बनने के बाद दिल्ली और देहरादून में मात्र कुछ ही घंटों की दूरी रह जाएगी और चंद घंटों में यह सफर पूरा हो जाएगा। वहीं इस एक्सप्रेस वे के क्षेत्र में वन्य पशुओं को असुविधा ना हो इसके लिए एशिया का सबसे लंबा एलिवेटेड वाइल्डलाइफ कॉरिडोर बनाया जा रहा है। दरअसल दिल्ली उत्तराखंड एक्सप्रेसवे का 20 किलोमीटर का हिस्सा राजाजी राष्ट्रीय उद्यान से होकर गुजरता है और यही वजह है कि इस क्षेत्र को एशिया के सबसे लंबे एलिवेटेड वाइल्डलाइफ कॉरिडोर में तब्दील किया जा रहा है। इसकी जानकारी स्वयं सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने ट्वीट करके दी। नितिन गडकरी ने कहा कि एक्सप्रेसवे का हिस्सा राजाजी राष्ट्रीय उद्यान से होकर गुजरता है और यह क्षेत्र वन्य पशु संरक्षण एवं पर्यावरण की दृष्टि से बेहद संवेदनशील है और यही वजह है कि इसको एशिया का सबसे लंबा वाइल्डलाइफ कॉरिडोर बनाया जा रहा है।
यह कॉरिडोर एशिया का सबसे ऊंचा और तकरीबन 12 किलोमीटर लंबा होगा। दरअसल देहरादून के निकट राजाजी पार्क के जिस क्षेत्र से होकर यह एक्सप्रेसवे गुजर रहा है वहां पर पशुओं को एक्सप्रेस वे के कारण असुविधा ना हो इसलिए इस गलियारे का निर्माण किया जा रहा है और इसी के साथ में इस पड़ाव में 340 मीटर लंबी डाटखाली सुरंग का भी निर्माण किया जा रहा है। नितिन गडकरी ने कहा कि सुरंग मार्ग के निर्माण का मकसद आसपास के वन्यजीवों और पर्यावरण की रक्षा करना है। आपको बता दें कि दिल्ली और देहरादून एक्सप्रेस वे के कार्य को नितिन गडकरी बेहद करीब से मॉनिटर कर रहे हैं और उन्होंने कहा है कि Dehradun Delhi Expressway के निर्माण के बाद देहरादून से दिल्ली के बीच का यात्रा समय 6 घंटे से घटकर महज ढाई घंटे रह जाएगा और दिल्ली से हरिद्वार के बीच की दूरी 5 घंटे से कम होकर महज 2 घंटे में तय की जा सकेगी।