गढ़वाल में ऐसे DM भी हैं: सुदूर गांव में लगाई रात्रि चौपाल, लापरवाही पर ANM का वेतन रोका

जल्लू गांव थलीसैंण ब्लॉक का दूरस्थ गांव है। आमतौर पर अफसर यहां झांकते तक नहीं हैं, लेकिन बीती रात जब डीएम इस गांव में पहुंचे तो लोगों की खुशी का ठिकाना नहीं रहा।
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ias ashish chauhan: Pauri Garhwal DM IAS Ashish Chauhan good work
Image: Pauri Garhwal DM IAS Ashish Chauhan good work

पौड़ी गढ़वाल: आईएएस आशीष चौहान की गिनती प्रदेश के तेजतर्रार अफसरों में होती है। वो अब तक जिस भी जिले में तैनात रहे, वहां अपने काम की छाप छोड़ने में कामयाब रहे।

Pauri Garhwal DM Ashish Chauhan visit jullu village

इन दिनों पौड़ी के जिलाधिकारी पद पर तैनात आईएएस आशीष चौहान ने बीते दिनों दूरस्थ गांव जल्लू में रात्रि चौपाल लगाई। इस दौरान उन्होंने महिलाओं की समस्याएं सुनीं। बातचीत के दौरान महिलाओं के टीकाकरण में लापरवाही की बात सामने आने पर उन्होंने आंगनबाड़ी और आशा कार्यकत्री का वेतन रोकने के निर्देश दिए। जल्लू गांव थलीसैंण ब्लॉक का दूरस्थ गांव है। आमतौर पर यहां अफसर झांकते तक नहीं हैं, लेकिन बीती रात जब डीएम अधिकारियों के साथ इस गांव में पहुंचे तो लोगों की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। डीएम ने बातचीत शुरू की तो ग्रामीणों ने सड़क सुधारीकरण, पेयजल और सिंचाई के लिए टंकी और टैंक निर्माण, प्राथमिक स्कूल में विद्युत कनेक्शन प्रदान करने और विद्यालय के भवन का पुनर्निर्माण करवाने समेत कई मांगें डीएम के सामने रखीं। ये भी बताया कि गांव में मोबाइल कनेक्टिविटी में सुधार की जरूरत है।

डीएम ने इस दौरान गर्भवती महिलाओं से भी बातचीत की। इस दौरान महिलाओं ने बताया कि यहां महिलाओं को नियमित तौर पर टीके नहीं लगाए जा रहे, स्वास्थ्य की जांच भी नहीं हो रही। डीएम ने लापरवाही पर नाराजगी जताते हुए संबंधित आशा स्वास्थ्य कार्यकत्री और एएनएम से स्पष्टीकरण देने को कहा है। इनका वेतन रोकने और जरूरी कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए हैं। डीएम ने स्थानीय पटवारी को आंगनबाड़ी केंद्र पर गर्भवती महिलाओं और बच्चों की नियमानुसार स्वास्थ्य जांच, काउंसलिंग और टीएचआर (टेक होम राशन) देने के निर्देश दिए। रात्रि चौपाल में डीएम ने कपरोली गांव के साथ वन संपदा के स्थानीय हक-हकूक विवाद के निस्तारण के लिए वन विभाग के साथ दोनों ग्राम पंचायतों की संयुक्त बैठक आयोजित कर विवाद को सुलझाने को कहा। साथ ही वन विभाग को अपनी भूमि का डिमार्केशन करने के लिए मौके पर सभी दस्तावेज उपलब्ध रखने के निर्देश भी दिए।