आरोपी राजवीर ने पुलिस के सामने अपना गुनाह कबूला था, कहा था कि उसी ने बहन की हत्या कर उसकी लाश को जला दिया था। आगे जानिए पूरा मामला
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कोमल नेगी
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Image: Uttarakhand kashipur brother killed sister court says acquitted
उधमसिंह नगर: उत्तराखंड का काशीपुर शहर। साल 2019 में यहां हुई एक घटना ने हर किसी को दहला दिया था।
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यहां कुंडा क्षेत्र के नवलपुर में रहने वाले एक युवक राजवीर पुत्र जीराज सिंह पर आरोप लगा कि उसने अपनी बहन की बेरहमी से हत्या कर दी, हत्या के बाद लाश को डीजल डालकर जला दिया। जून 2019 में राजवीर की बहन की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। हत्या के आरोप में भाई राजवीर की गिरफ्तारी भी हुई, लेकिन शनिवार को राजवीर को कोर्ट ने दोषमुक्त करार दे दिया, वजह है सबूतों का अभाव। पूरा मामला भी बताते हैं। आरोपी राजवीर के खिलाफ उसी के भाई कुलदीप सिंह ने केस दर्ज कराया था। राजवीर पर बहन की हत्या का आरोप था। पुलिस पूछताछ में राजवीर ने बताया कि उसकी बहन पड़ोस में रहने वाले सतेंद्र से फोन पर बातचीत करती थी। राजवीर को उसकी ये हरकत पसंद नहीं थी। उसने बहन को कई बार टोका, लेकिन वो मानी नहीं।
एक दिन राजवीर ने गुस्से में आकर अपनी बहन की चुन्नी से गला दबाकर हत्या कर दी, बाद में लाश पर डीजल डालकर आग लगा दी। मामले की जांच निरीक्षक राजेश कुमार को सौंपी गई। जांच के दौरान द्वितीय अपर जिला एवं सत्र न्यायालय में 14 गवाहों को पेश किया गया। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता का तर्क था कि अभियुक्त राजवीर का अपराध अत्यंत गंभीर प्रकृति का है और उसे कठोर से कठोर सजा दी जाए। वहीं बचाव पक्ष के वरिष्ठ अधिवक्ता शैलेंद्र कुमार मिश्रा का कहना था कि अभियोजन द्वारा दिए गए साक्ष्यों के बयानों में परस्पर विरोधाभास है। विवेचक द्वारा बरामद कराई गई वस्तुओं को जांच के लिए विधि विज्ञान प्रयोगशाला भी नहीं भेजा गया। दोनों पक्षों को सुनने के बाद काशीपुर द्वितीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश विनोद कुमार ने साक्ष्य के अभाव में सगी बहन के हत्यारोपी राजवीर को दोषमुक्त करार दे दिया।