Advertisement
Secret Himalayan Treks Near Kedarnath You’ve Never Heard Of
Trails once used by sages, locals, and shepherds. Ideal for travelers seeking silence over social media fame.
Example Ads Media
धांधली के आरोप लगने के बाद पटवारी, लेखपाल और जेई-एई भर्ती परीक्षा की जांच चल रही है। अब उच्च न्यायालय की समूह-घ की भर्ती परीक्षा की भी जांच की जाएगी। शासन ने उच्च न्यायालय के समूह-घ के पदों पर हुई भर्ती परीक्षा की जांच एसआईटी से कराने का निर्णय लिया है। शासन ने ये जिम्मेदारी वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार की अध्यक्षता में गठित उसी एसआईटी को दी है, जो इस समय पटवारी, लेखपाल जेई-एई भर्ती परीक्षा की जांच कर रही है। भर्ती परीक्षा की जांच के लिए इस एसआईटी में निदेशक प्राविधिक शिक्षा को भी सदस्य के रूप में नामित किया जाएगा, जो जांच में एसआईटी का सहयोग करेंगे। आगे पढ़िए
विशेष सचिव गृह रिद्धिम अग्रवाल द्वारा जारी पत्र में कहा गया है कि उच्च न्यायालय के समूह घ के पदों पर भर्ती परीक्षा की जांच भी लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित भर्ती परीक्षाओं में अनियमितता की जांच कर रही एसआईटी से कराई जाए। बता दें कि नैनीताल उच्च न्यायालय के समूह-घ के रिक्त पदों पर उत्तराखंड तकनीकी शिक्षा बोर्ड ने साल 2019-20 में भर्ती परीक्षा कराई थी। यह परीक्षा उच्च न्यायालय के 37 पदों समेत विभिन्न सिविल न्यायालय और पारिवारिक न्यायालय के 401 रिक्त पदों के लिए हुई थी। इस परीक्षा में अनियमितताओं की बात सामने आई है, यही वजह है कि 2 मार्च को महानिबंधक उत्तराखंड उच्च न्यायालय नैनीताल ने शासन को पत्र लिखकर इस भर्ती परीक्षा की जांच एसआईटी के माध्यम से कराने का अनुरोध किया। इस पर शासन ने पुलिस महानिदेशक को पत्र लिखकर यह जांच एसआईटी से कराने को कहा है।