उत्तराखंड: स्कूल में दहाड़ें मारकर बेहोश हुई कई छात्राएं, भूत-प्रेत का साया बताने लगे लोग

Pithoragarh school girl unconscious बीते दो दिनों में स्कूल की 8 छात्राएं बेहोश हो चुकी हैं। इसकी शुरुआत गुरुवार को हुई। आगे जानिए पूरा मामला
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Pithoragarh school girl unconscious: Pithoragarh Junior High School Linthyuda Mass Hysteria
Image: Pithoragarh Junior High School Linthyuda Mass Hysteria

पिथौरागढ़: सीमांत जिला पिथौरागढ़...यहां शहर के जूनियर हाईस्कल लिन्ठयुड़ा में गुरुवार को हैरान करने वाली घटना हुई।

Pithoragarh school girl unconscious

स्कूल में पढ़ने वाली कुछ छात्राएं अचानक रोने-चिल्लाने लगीं। इन्हें देख दूसरी छात्राएं भी चीखने लगीं और रो-रोकर बेहोश हो गईं। मामला मास हिस्टीरिया से जुड़ा है। बीते दो दिनों में स्कूल की 8 छात्राएं बेहोश हो चुकी हैं। इसकी शुरुआत गुरुवार को हुई। प्रिंसिपल सावित्री मेहता ने बताया कि गुरुवार को स्कूल की दो छात्राएं अचानक रोने-चिल्लाने लगीं, इन्हें देख दो अन्य छात्राओं ने भी रोना और चिल्लाना शुरू कर दिया। थोड़ी देर बाद छात्राएं शांत हो गईं, लेकिन शुक्रवार को स्कूल में दोबारा ऐसी घटना हुई। यहां कक्षाओं में बैठी चार छात्राएं रोते-चीखते बेहोश हो गईं। इससे दूसरी छात्राएं भी डर गईं। कुछ लोग इसे भूत प्रेत का साया बताने लगे लेकिन सच क्या है? आगे पढ़िए

बाद में प्रधानाचार्य ने मामले की जानकारी स्वास्थ विभाग को दी। जिसके बाद बेस चिकित्सालय की स्टाफ नर्स विद्यालय पहुंची और छात्राओं को किशोरावस्था में होने वाले परिवर्तनों के बारे में बताया। इस घटना से बालिकाओं के अभिभावक परेशान हैं। जिला चिकित्सालय के मनोरोग चिकित्सक डॉ. एलएम भट्ट ने कहा है कि यह मास हिस्टीरिया का मामला है। जल्द ही मनोचिकित्सा विभाग के काउंसलर स्कूल जाकर बालिकाओं की काउंसलिंग करेंगे। हालांकि कुछ लोग इसे भूत-प्रेत से जोड़कर भी देख रहे हैं। बता दें कि बीते साल ऐसी ही घटनाए बागेश्वर और चंपावत में भी सामने आई थीं। मास हिस्टीरिया आमतौर पर मनोविकार या मनोवैज्ञानिक समस्या है। इसमें कई बार किसी एक व्यक्ति की असामान्य हरकत की, साथ के अन्य लोग नकल करते हैं। प्रदेश के कई स्कूलों में ऐसी घटनाएं सामने आने के बाद छात्राओं की काउंसलिंग कराई गई थी।