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हरिद्वार: हाल ही में हरिद्वार के बहादराबाद से थार चोरी हुई थी। बता दें कि वह थार गाड़ी मिल चुकी है और उसको चुराने वाला आरोपी भी पुलिस की गिरफ्त में आ गया है।
मगर आरोपी ने पुलिस को गज़ब का चकमा दिया। इस मामले का 48 घंटे में खुलासा करते हुए पुलिस ने अंतरराज्यीय वाहन चोर गिरोह के शातिर चोर को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं एक आरोपी हाथ नहीं लग पाया है। पुलिस का दावा है कि टीम ने पीछा करते हुए कई राउंड फायर कर गाड़ी के टायर को पेंचर करने के बाद हरियाणा में आरोपी को धर लिया। आरोपी के कब्जे से पुलिस ने गाड़ी और चोरी में इस्तेमाल आधुनिक उपकरण व हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट बरामद की है। उसे कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है। बता दें कि आरोपी के खिलाफ राजस्थान, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश में चोरी, लूट, आर्म्स एक्ट सहित 51 मुकदमे दर्ज हैं। दरअसल रविवार को बहादराबाद निवासी मनीष कुमार की थार गाड़ी घर के बाहर से चोरी कर ली गई थी। इस मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया गया था। एसएसपी अजय सिंह की ओर से अलग-अलग टीमें गठित कर खुलासे के लिए अन्य राज्यों में भेजी गई। वहीं पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगालते हुए पलवल हरियाणा पहुंची। यहां से बॉलीवुड फ़िल्म का सीन शुरू हुआ। आगे पढ़िए
पलवल से करमन टोल प्लाजा से जाते हुए पुलिस ने थार गाड़ी की पहचान कर ली। उसका पीछा करते हुए ने पुलिस ने निजी वाहन को थार के सामने लगाते हुए रोकने का प्रयास किया। लेकिन तभी आरोपी ने रफ्तार तेज कर दी। वहीं उप निरीक्षक अशोक सिरस्वाल ने कुछ राउंड फायर कर गाड़ी के टायर में पेंचर किया। इसके बाद स्थानीय पुलिस की मदद से घेराबंदी कर मुख्य आरोपी रतन सिंह निवासी जयपुर राजस्थान को गिरफ्तार कर लिया। वहीं फरार आरोपी अनिल की तलाश की जा रही है। आरोपी रतन वर्ष 2017 में जेल में रहने के दौरान फरार आरोपी के संपर्क में आया था। दोनों आरोपी इसी महीने जमानत पर छूटे हैं। कई राज्यों में चल रहे मुकदमों के कारण वह हरिद्वार आया था और बहादराबाद क्षेत्र में 28 जुलाई की रात अपने साथी के साथ थार गाड़ी को चोरी कर लिया था। आरोपी मेवात में गाड़ी को बेचने की फिराक में थे। बता दें कि आरोपी रतन काफ़ी शातिर तरीक़े से चोरी करता था। वह अपने साथियों के साथ वाहनों के पूरे लॉक सिस्टम को बदलकर नया लॉक सेट कर नई चाबी की मदद से गाड़ी चोरी करता था। इसके बाद फर्जी नंबर प्लेट लगाकर अन्य राज्यों में बेचता था। वह नए सेंसर वाले वाहनों को कोडिंग मशीन से डिकोड कर उसकी नई चाबी बनाकर साफ्टवेयर हैक कर चोरी की वारदात को अंजाम देते थे। फिलहाल पुलिस ने आरोपी रतन पर मुकदमा दर्ज कर दिया है और उसके फरार साथी की तलाश की जा रही है।