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Untouched Trekking Routes in Kedar Himalaya, Uttarakhand
Lesser-known treks offering breathtaking Himalayan views. A perfect blend of adventure, solitude, and spirituality.
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देहरादून: उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में खाई जाने वाली सब्जियां बेहद पौष्टिक हैं और उनमें कई औषधीय गुण भी मौजूद हैं।
राज्य समीक्षा पर समय-समय पर हम आपको ऐसे ही औषधि गुना से भरपूर सब्जियों और अन्य चीजों से परिचय करवाते रहते हैं जिनका स्वास्थ्य के ऊपर काफी पॉजिटिव प्रभाव पड़ता है। आज हम फिर आपके लिए एक ऐसी ही सब्जी लेकर आए हैं इसके औषधीय गुणों को जानकर आप चौंक जाएंगे। आज हमें एक ऐसी सब्ज़ी की बात कर रहे हैं जिसका स्वाद तो लाजवाब होता ही है साथ ही उसके अंदर कई सारे औषधीय गुण मौजूद होते हैं। इन्हीं सब्जियों में से एक है गडेरी या पिनालू जिसके अंदर भरपूर मात्रा में विटामिन ए, विटामिन सी, कैल्शियम, आयरन आदि कई पोषक तत्वों से भरपूर हैं और यह कई बीमारियों का रामबाण इलाज भी है। गडेरी या (पिनालु) पहाड़ों पर जाड़ों के मौसम में मिलने वाली एक सब्जी है जिसे की ठंडियों के मौसम में खूब खाया जाता है। इसका सबसे बड़ा अच्छा है कि यह बहुत अच्छा ब्लड प्यूरीफायर है। यह शरीर से टॉक्सिक पदार्थों को बाहर निकाल कर शरीर में खून साफ करता है जिस कारण इंसान जवान बना रहता है। आगे पढ़िए
इसको खाने से शरीर में खून की कमी भी नहीं होती और हीमोग्लोबिन बढ़ा रहता है। यह एक एंटीऑक्सीडेंट सब्जी है। इसके सेवन से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता में वृद्धि होती है जिस कारण शरीर कई गंभीर बीमारियों से बचा रहता है। इसमें आयरन जिंक की भरपूर मात्रा होती है। जिस कारण या शरीर में हीमोग्लोबिन को बढ़ाकर शरीर में खून की कमी से होने वाली गंभीर बीमारियां जैसे एनीमिया, सर दर्द, चक्कर और शरीर में होने वाली कमजोरी को दूर करता है। इसमें विटामिन जैसे कई पोषक तत्वों की भरपूर मात्रा होती है जो की आंखों की रोशनी के लिए लाभदायक है अतः इसके सेवन से आंखों की रोशनी को बढ़ाया जा सकता है। जिन लोगों को आंखों से संबंधित दिक्कतें हैं उन लोगों के लिए सब्जी अत्यधिक लाभदायक है। इसमें फाइबर की मात्रा होने से यह एक सुपाच्य सब्जी है और यह मेटाबॉलिज्म को नियंत्रित करता है जिस कारण यह शरीर के वजन को भी नियंत्रण में रखता है। इसी सब्जी को अन्य जगहों पर अरबी के नाम से जाना जाता है। इसकी सब्जी को आलू की तरह ही उबालकर इसमें राई या सरसों और मेथी के दोनों का तड़का देकर बनाया जाता है। तो अब आपके घर में पहाड़ी अरबी आए तो उसे अपने खानपान में ज़रूर शामिल करें।