उत्तराखंड में बन रही है देश की पहली हाईटेक टनल, 26 Km कम होगी गंगोत्री-यमुनोत्री की दूरी

सुरंग के बनने से गंगोत्री और यमुनोत्री के बीच की दूरी 26 किमी कम हो जाएगी। सुरंग में आने-जाने के लिए अलग-अलग लेन होगी। सिंगल ट्यूब सिस्टम होगा।
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Silkyara Tunnel Project: Uttarakhand All Weather Road Silkyara Tunnel
Image: Uttarakhand All Weather Road Silkyara Tunnel

उत्तरकाशी: चारधाम यात्रा उत्तराखंड की आर्थिकी का प्रमुख आधार है। यहां श्रद्धालुओं के सफर को आसान बनाने के लिए ऑलवेदर रोड बनाई जा रही है, जिससे चारधाम यात्रा पूरे सालभर संचालित की जा सकेगी।

All Weather Road Silkyara Tunnel

प्रोजेक्ट के तहत उत्तरकाशी में देश की पहली अत्याधुनिक टनल बनाई जा रही है। ये टनल ऑलवेदर रोड की सबसे लंबी डबल लेन टनल है, जिसका निर्माण करीब चार किलोमीटर तक हो गया है। 800 से अधिक मजदूर दिन-रात काम में जुटे हुए हैं। फरवरी 2024 तक सुरंग आर-पार हो जाएगी। ये सुरंग यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर सिलक्यारा और जंगलचट्टी के बीच बनाई जा रही है। इसके बनने से गंगोत्री और यमुनोत्री के बीच की दूरी 26 किमी कम हो जाएगी। यात्रा में लगने वाला 45 मिनट का समय बचेगा। सुरंग की लंबाई 4.5 किलोमीटर है। एनएचआइडीसीएल के महाप्रबंधक कर्नल दीपक पाटिल ने बताया कि इस सुरंग में आने-जाने के लिए अलग-अलग लेन होगी। सिंगल ट्यूब सिस्टम होगा।

दोनों लेन के बीच में 400 एमएम की कंक्रीट की मजबूत दीवार बनाई जा रही है। सुरंग के बाहर नियंत्रण भवन होगा, जहां से सभी नियंत्रण स्थापित किए जाएंगे। आगजनी की स्थिति में कंप्यूटर और संवेदक सिस्टम से स्वत: पानी की फुहार छूटने लगेगी और पंखे भी हवा देना बंद कर देंगे। इस सुरंग का व्यास 15.095 मीटर है, जबकि अटल सुरंग में 13 मीटर व्यास है। इसी लिहाज से भी यह सुरंग बड़ी है। सुरंग के बनने से लोगों का सफर आसान होगा। अभी बर्फबारी के दौरान राड़ी टॉप में बार-बार रास्ता बंद हो जाता है, सुरंग बनने से ये समस्या भी हल हो जाएगी। इससे रवाईं घाटी की करीब दो लाख की आबादी को फायदा होगा। उत्तरकाशी में बन रही हाईटेक डबल लेन सुरंग न्यू ऑस्ट्रियन टनलिंग मेथड (एनएटीएम) से बनाई जा रही है। इस सुरंग का निर्माण करीब 853 करोड़ की लागत से हो रहा है। सितंबर 2024 तक सुरंग के निर्माण का काम पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।