SSP ने बताया कि डायनामाइट के परिवहन के लिए जिस वाहन का उपयोग होता है उसका नंबर आदि सभी जानकारी दर्ज की जाती है, और स्थानीय पुलिस को इसकी सूचना दी जाती है। लेकिन इनके पास इसका कोई वैध दस्तावेज नहीं था...
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राज्य समीक्षा डेस्क
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Image: 3 arrested with 125 kg dynamite
देहरादून: उत्तराखंड पुलिस ने चेकिंग के दौरान एक कार से 125 किलोग्राम डायनामाइट और दो डब्बे डेटोनेटर बरामद किए हैं। पुलिस टीम ने कार में सवार तीन लोगों को गिरफ्तार किया है।
3 arrested with 125 kg dynamite
जानकारी के अनुसार बीते शुक्रवार को देहरादून जिले के त्यूणी पुलिस द्वारा चेकिंग अभियान चलाया जा रहा था, इस दौरान पुलिस टीम की नजर हिमाचल प्रदेश नंबर की एक संदिग्ध ऑल्टो कार पर पड़ी, पुलिस ने तुरंत कार को रोका। पुलिस टीम ने जब कार की तलाशी ली तो उसमें 5 पेटी डायनामाइट जिनका कुल वजन 125 किलोग्राम है और दो डब्बे डेटोनेटर बरामद थे। पुलिस ने जब कार सवार तीन आरोपियों से जब विस्फोटक पदार्थ का परिवहन करने से संबंधित आवश्यक दस्तावेज मांगे, लेकिन वे लोग पुलिस को दस्तावेज दिखा नहीं पाए। जिसके बाद पुलिस ने अवैध विस्फोटक पदार्थ और कार को सीज किया और तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर थाने ले जाया गया। पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपी रिंकू, रोहित सुनील हैं, ये तीनों हिमांचलप्रदेश के ही निवासी हैं।
डायनामाइट परिवहन की होती है विशेष प्रक्रिया
देहरादून के SSP अजय सिंह ने जानकारी दी कि कालसी क्षेत्र में सरकार द्वारा अधिकृत एक निजी मैगजीन है। आसपास के पहाड़ी इलाकों में जहां भी सड़क कटाई या अन्य कार्यों के लिए यहां से डायनामाइट ले जाया जाता है। उन्होंने बताया कि इसके परिवहन के लिए जिस वाहन का उपयोग होता है उसका नंबर आदि सभी जानकारी दर्ज की जाती है, और स्थानीय पुलिस को इसकी सूचना दी जाती है। इस प्रक्रिया के बाद ही डायनामाइट का परिवहन किया जाता है ताकि ये किसी गलत हाथों में न जाए। त्यूनी पुलिस द्वारा जब्त किया गया डायनामाइट हिमाचल ले जाया जा रहा था, लेकिन इनके पास इसका कोई वैध दस्तावेज नहीं था।
मैगजीन का चौकीदार फरार
इस मामले की जांच के दौरान पता चला कि तीनों आरोपियों ने मैगजीन के चौकीदार सीताराम से यह डायनामाइट खरीदा था। जिसके लिए उन्होंने यूपीआई के माध्यम से 29 हजार रुपये का भुगतान किया था। पुलिस ने जब चौकीदार से पूछताछ करनी पहुंची तो वो फरार हो गया। इसके अलावा मैगजीन में जब जांच करने पर पाया गया कि चौकीदार ने इस डायनामाइट का बैक डेट में रवन्ना काट दिया है। उसने दस्तावेज में उल्लेख किया है कि यह डायनामाइट वैध वैन के माध्यम से ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में वैन खराब हो गई। ऐसी स्थिति में इन तीनों व्यक्तियों को यह सामान अल्टो कार में लोड करने की अनुमति दी गई है।
मैगजीन के मालिक द्वारा की गई साजिश
SSP ने बताया कि मैगजीन के मालिक की यह जानबूझकर की गई साजिश है, ऐसे में उसे भी जांच के दायरे में शामिल किया गया है। जल्द ही अन्य साक्ष्य इकट्ठा कर उसके खिलाफ भी कठोर कार्रवाई की जाएगी। अब तक की गई जांच में पता चला कि हिमाचल में कुछ लोग खुद ही रोड बना रहे हैं, जिसके लिए उन्हें डायनामाइट की आवश्यकता थी। इस रोड के निर्माण में सरकारी संस्था शामिल नहीं है। ऐसे में गिरफ्तार किए गए तीनों लोगों ने सीताराम से संपर्क कर डायनामाइट खरीद लिया। यही कारण है कि यह डायनामाइट अवैध रूप से ले जाया जा रहा था।