बदरीनाथ धाम में ₹440 करोड़ की लागत से चल रहा मास्टर प्लान अंतिम चरण में है। फेज-1 के अधिकांश कार्य पूरे हो चुके हैं और फेज-2 के कार्य तेजी से जारी हैं, जिससे धाम का दिव्य और भव्य स्वरूप उभर रहा है।
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राज्य समीक्षा डेस्क
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Image: Phase 1 of Badrinath Master Plan Completed Successfully
चमोली: उत्तराखंड के प्रसिद्ध तीर्थ स्थल बदरीनाथ धाम में चल रहा मास्टर प्लान अब अंतिम चरण में पहुंच गया है। लगभग ₹440 करोड़ की लागत से किए जा रहे इस परियोजना के तहत धाम को आधुनिक सुविधाओं से लैस किया जा रहा है। इस योजना का उद्देश्य तीर्थयात्रियों को बेहतर सुविधाएं प्रदान करना, यातायात को व्यवस्थित करना और पूरे क्षेत्र को दिव्य एवं भव्य स्वरूप देना है।
Phase 1 of Badrinath Master Plan Completed Successfully
मास्टर प्लान को दो चरणों—फेज-1 और फेज-2 में बांटा गया है। फेज-1 के तहत कई महत्वपूर्ण निर्माण कार्य पूरे किए जा चुके हैं। इनमें वन-वे लूप रोड, बीआरओ बाईपास रोड, सिविक एमेनिटी बिल्डिंग, शेषनेत्र लेक, बद्रीश लेक, आईएसबीटी भवन, टूरिस्ट मैनेजमेंट सेंटर और एराइवल प्लाजा शामिल हैं। इसके अलावा अस्पताल विस्तार भवन का कार्य भी अंतिम चरण में पहुंच चुका है।
अलकनंदा तट पर रिवरफ्रंट का तेजी से निर्माण
मास्टर प्लान के तहत अलकनंदा नदी के किनारे रिवरफ्रंट का निर्माण भी तेजी से किया जा रहा है। रिवरफ्रंट-जी में फिनिशिंग का कार्य चल रहा है, जबकि रिवरफ्रंट-एफ का लगभग 75% काम पूरा हो चुका है। वहीं रिवरफ्रंट-ए और अन्य हिस्सों में भी निर्माण कार्य तेजी से जारी है। ई1 और ई2 के तहत 60 मीटर स्पान के स्टील ट्रस पुलों का निर्माण किया जा रहा है, जिससे आवागमन और सुगम होगा।
फेज-2 में आधुनिक सुविधाओं का विस्तार
फेज-2 के अंतर्गत धाम में एडमिनिस्ट्रेटिव बिल्डिंग और इमरजेंसी रिस्पांस सेंटर का निर्माण किया जा रहा है। इसके साथ ही नए रिवरफ्रंट सेक्शन, पैदल पुल और अन्य बुनियादी सुविधाओं का विकास भी जारी है। यह चरण धाम को और अधिक व्यवस्थित और सुरक्षित बनाने पर केंद्रित है।
तीर्थ पुरोहितों के लिए आवास निर्माण
योजना के तहत तीर्थ पुरोहितों के लिए 11 आवास ब्लॉकों का निर्माण किया जा रहा है।अब तक 4 ब्लॉकों का निर्माण पूरा हो चुका है और शेष कार्य जुलाई से पहले पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके अलावा 2 नए आवास ब्लॉकों का निर्माण भी जल्द शुरू किया जाएगा।
यात्री सुविधाओं में होगा बड़ा सुधार
मास्टर प्लान के तहत पार्किंग, सीवर निस्तारण, पथ प्रकाश, पैदल मार्ग और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को सुव्यवस्थित किया जा रहा है। इन सभी कार्यों के पूरा होने के बाद तीर्थयात्रियों को बेहतर और सुरक्षित यात्रा अनुभव मिलेगा।
लक्ष्य—दिव्य और भव्य बदरीनाथ
परियोजना अधिकारियों के अनुसार, सभी निर्माण कार्यों को तय समय सीमा में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
मास्टर प्लान के पूरा होते ही बदरीनाथ धाम एक आधुनिक, सुव्यवस्थित और विश्वस्तरीय तीर्थ स्थल के रूप में उभरेगा, जहां श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं और सुरक्षित वातावरण मिलेगा।