IIT रुड़की परिसर में हादसा: प्रोफेसर की पत्नी को ई-रिक्शा ने मारी टक्कर, इलाज के दौरान मौत

आईआईटी रुड़की परिसर में मॉर्निंग वॉक पर निकली प्रोफेसर की पत्नी को ई-रिक्शा ने टक्कर मार दी, जिसमें वह गंभीर रूप से घायल हो गई थीं। देहरादून के मैक्स अस्पताल में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
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IIT Roorkee Accident: IIT Roorkee Accident Professor Wife Dies After E-Rickshaw Collision
Image: IIT Roorkee Accident Professor Wife Dies After E-Rickshaw Collision

रुड़की: आईआईटी रुड़की परिसर में हुए सड़क हादसे में एक महिला की मौत हो गई। सोमवार सुबह मॉर्निंग वॉक पर निकलीं रूपा राय को ई-रिक्शा ने टक्कर मार दी थी। हादसे में उनके सिर में गंभीर चोट आई थी। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें बेहतर इलाज के लिए देहरादून रेफर किया गया, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। रूपा राय, आईआईटी रुड़की के बायोटेक्नोलॉजी विभाग में प्रोफेसर पार्थ राय की पत्नी थीं। घटना के बाद संस्थान में शोक का माहौल है।

IIT Roorkee Accident: Professor’s Wife Dies After E-Rickshaw Collision

जानकारी के अनुसार रूपा राय सोमवार सुबह अपने आवास से मॉर्निंग वॉक के लिए निकली थीं। इसी दौरान कैमेस्ट्री विभाग के बाहर वाली सड़क पर एक ई-रिक्शा ने उन्हें टक्कर मार दी। हादसे में उनके सिर में गंभीर चोट लगी। घटना के बाद उन्हें तत्काल रुड़की सिविल अस्पताल पहुंचाया गया। हालत गंभीर होने के कारण चिकित्सकों ने उन्हें हायर सेंटर रेफर कर दिया। इसके बाद परिजन उन्हें देहरादून के मैक्स अस्पताल लेकर पहुंचे। यहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।

ई-रिक्शा और चालक पुलिस के कब्जे में

घटना की जानकारी मिलने के बाद आईआईटी प्रशासन ने पुलिस को सूचना दी। आगे पढ़िए..

पुलिस ने ई-रिक्शा और चालक को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। हादसा किन परिस्थितियों में हुआ, इसकी जांच की जा रही है। पुलिस इस पहलू की भी जांच कर रही है कि हादसे के समय चालक नशे में था या नहीं। इस संबंध में जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।

हादसे के बाद IIT परिसर की सुरक्षा पर सवाल

घटना के बाद आईआईटी रुड़की परिसर में रहने वाले छात्रों, कर्मचारियों और अन्य लोगों की सुरक्षा को लेकर चर्चा शुरू हो गई है। परिसर में पर्याप्त संख्या में सुरक्षा गार्ड होने के बावजूद वाहनों की आवाजाही और गति को नियंत्रित करने के लिए प्रभावी व्यवस्था को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं। परिसर में सुबह के समय पैदल चलने वाले लोगों की संख्या भी रहती है। ऐसे में वाहनों की गति पर नियंत्रण और पैदल यात्रियों की सुरक्षा के लिए अतिरिक्त इंतजाम की जरूरत महसूस की जा रही है।

पहले भी हो चुका है हादसा

बताया जा रहा है कि कुछ वर्ष पहले भी आईआईटी रुड़की परिसर में कार की टक्कर से एक छात्रा के घायल होने की घटना सामने आई थी। अब एक और गंभीर हादसे के बाद परिसर में वाहनों की आवाजाही और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे हैं। फिलहाल पुलिस ई-रिक्शा हादसे के कारणों की जांच कर रही है।