पहाड़ के सचिन कसन्याल को बधाई..वायु सेना में अफसर बने, तीन पीढ़ियों से देशसेवा में है परिवार

सचिन अपने परिवार की तीसरी पीढ़ी के सदस्य हैं जो कि सेना का हिस्सा बने हैं, उनके दादा और पिता भी सेना में रह चुके हैं, भाई भी एयर फोर्स में है...
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प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।

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Sachin kasnyal: Sachin became flying officer in air force
Image: Sachin became flying officer in air force

पिथौरागढ़: उत्तराखंड देवभूमि ही नहीं वीरभूमि भी है। ये भूमि गौरवशाली सैन्य परंपरा की गवाह रही है, पहाड़ के होनहार लाल आज भी इस परंपरा को बखूबी निभा रहे हैं, इन युवाओं में अब पिथौरागढ़ के सचिन कसन्याल भी शामिल हो गए हैं। सचिन कसन्याल ने वायु सेना में फ्लाइंग ऑफिसर बन उत्तराखंड का मान बढ़ाया है। सचिन पिथौरागढ़ के नैनी सैनी क्षेत्र के रहने वाले हैं। जब से वो वायु सेना में अफसर बने हैं, तब से उनके घर पर बधाई देने वालों का तांता लगा है। क्षेत्र के लोग भी खुश हैं, उन्होंने कहा कि सचिन की सफलता दूसरे युवाओं को भी भारतीय सेना का हिस्सा बनने के लिए प्रेरित करेगी। सचिन अपने परिवार की तीसरी पीढ़ी के सदस्य हैं जो कि सेना का हिस्सा बने हैं। उनके दादा सेना में सैनिक रह चुके हैं। पिता सेना के पैरा स्पेशल फोर्स के कमांडो रह चुके हैं। सचिन का बड़ा भाई भी एयर फोर्स में है, और अब सचिन भी इस परंपरा को निभाते हुए वायु सेना का हिस्सा बन गए हैं।

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सेना में भर्ती होने की प्रेरणा सचिन को अपने परिवार से मिली। उन्होंने अपनी शुरुआती पढ़ाई नैनी सैनी के नैनावती स्कूल से की, इंटर भी यहीं से किया। आगे की पढ़ाई के लिए वो देहरादून चले गए और डीआईटी से इलेक्ट्रॉनिक कम्युनिकेशन में डिग्री ली। उच्च शिक्षा हासिल करने के बाद वो चाहते तो लाखों के पैकेज वाली जॉब कर सकते थे, पर मन में देश सेवा की ललक थी। इसीलिए परमानेंट कमीशन हासिल कर एयर फोर्स का हिस्सा बन गए। जून 2018 में उनका सेलेक्शन एयरोनॉटिकल इंजीनियरिग ब्रांच में हुआ। एयरफोर्स एकेडमी हैदराबाद से एक साल की ट्रेनिंग लेने के बाद वो बीते 30 नवंबर को भारतीय वायु सेना में फ्लाइंग अफसर के रूप में शामिल हो गए। उन्हें पहली पोस्टिंग बड़ोदरा में मिली है। सचिन ने अपनी सफलता का श्रेय परिजनों और गुरुजनों को दिया। उनकी उपलब्धि से परिवार के साथ-साथ पूरे क्षेत्र में भी खुशी का माहौल है।