उत्तराखंड में लगा है घोड़ों का विशाल मेला, यहाँ कारों से भी ज्यादा महंगी है घोड़ों की कीमत

लक्सर के लखनोता गांव में घोड़ों का विशाल मेला आयोजित किया जा रहा है। जो लोग घुड़सवारी का शौक रखते हैं, उनके लिए इस मेले में बहुत कुछ खास है। मेले में देश के अलग-अलग राज्यों से लोग घोड़े खरीदने पहुंच रहे हैं...
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Uttarakhand horse fair: Horse fair in laksar haridwar uttarakhand
Image: Horse fair in laksar haridwar uttarakhand

हरिद्वार: हरिद्वार में घोड़ों का विशाल मेला आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। जो लोग घुड़सवारी का शौक रखते हैं, घोड़ा खरीदने की प्लानिंग कर रहे हैं, उनके लिए इस मेले में काफी कुछ खास है। मेले में देश के अलग-अलग राज्यों के लोग घोड़े खरीदने पहुंच रहे हैं। लक्सर की मंगलौर कोतवाली का लखनोता गांव घोड़ों के विशाल मेले के लिए देश-दुनिया में मशहूर है। यहां पर साल में पांच बार घोड़ों का बड़ा मेला लगता है। जिसमें लोग दूर-दूर से घोड़े बेचने आते हैं। घोड़ों के खरीददार भी गांव में जुटते हैं। इन दिनों मेले की रौनक देखते ही बन रही है। मेला 16 फरवरी से शुरू हो चुका है, जो कि 25 फरवरी तक चलेगा। मेले में घोड़े खरीदने और बेचने के लिए यूपी, हरियाणा, पंजाब, राजस्थान और मध्यप्रदेश के लोग दूर-दूर से आ रहे हैं। आपको जानकर हैरानी होगी की यहाँ कार से भी ज्यादा कीमत के घोड़े मिल रहे हैं। बस आपको घोड़े की सही पहचान करनी चाहिए। यहां आकर आप अपने बजट का घोड़ा खरीद सकते हैं, और घुड़सवारी का शौक पूरा कर सकते हैं। इस मेले में आपको पांच हजार से लेकर 5 लाख रुपये तक का घोड़ा आसानी से मिल जाएगा। लखनोता गांव में लगने वाले इस मेले में लोग दूर-दूर से घोड़ों की बिक्री के लिए आते हैं। देशभर के ग्राहक भी यहां पहुंचते हैं। ग्राहक पंजाब, हरियाणा, जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, पौड़ी गढ़वाल, टिहरी और देहरादून से आकर खरीदारी करते हैं। इस विशाल मेले का आयोजन जिला पंचायत परिषद हरिद्वार करता है। पहले ये मेला उत्तर प्रदेश के देवबंद शहर में लगता था, लेकिन घोड़ों और खच्चरों में बीमारी फैलने की वजह से यूपी सरकार ने इसे बंद करा दिया। साल 2017 से ये मेला हरिद्वार जिले के लखनोता गांव में लग रहा है। मेला एक साल में 5 बार आयोजित किया जाता है।
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