BIG NEWS: पहाड़ में भीषण अग्निकांड, दो दर्जन से ज्यादा घर जलकर ख़ाक..गांव में हाहाकार

आग में जलने से छह गाय और दो बछड़े मरे, जबकि 26 भवन पूरी तरह जलकर राख होने के साथ ही आठ भवनों को भारी क्षति पहुंची है।
Advertisement Hidden Gem Treks of Kedar Himalaya You Must Explore Once in Life

Peaceful and untouched trekking routes away from the crowds. Hidden trails where nature still remains raw and pure.

Example Ads Media
Uttarkashi News: FIRE AT MORI VILLAGE UTTARKASHI
Image: FIRE AT MORI VILLAGE UTTARKASHI

उत्तरकाशी: उत्तरकाशी के मोरी प्रखंड के सुदूरवर्ती मसरी गांव में आग लगने से गांव की एक बस्ती जलकर राख हो गई। ग्रामीणों ने किसी तरह आग को पूरे गांव में फैलने से तो रोक लिया, लेकिन इस बस्ती के सभी दो दर्जन मकान जलकर राख हो गए। आग में जलने से छह गाय और दो बछड़े मरे, जबकि 26 भवन पूरी तरह जलकर राख होने के साथ ही आठ भवनों को भारी क्षति पहुंची है। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची राजस्व विभाग की टीम क्षति का आकलन करने में जुटी है। डीएम डॉ. आशीष चौहान ने पीड़ित परिवारों को तत्काल जरूरी सहायता मुहैया कराने के निर्देश दिए हैं। हिमाचल प्रदेश की सीमा से लगे उत्तरकाशी के मोरी प्रखंड के सुदूरवर्ती मसरी गांव में अचानक आग लग गई। आग का पता चलते ही ग्रामीणों ने घरों से मवेशियों और बच्चों को बाहर निकाल कर किसी तरह जान बचाई। इतने में आग ने विकराल रूप धारण कर अनुसूचित जाति के परिवारों की पूरी बस्ती को अपनी चपेट में ले लिया। क्षेत्र में दूरसंचार सुविधा ठप होने के कारण तत्काल मदद के लिए सूचना नहीं पहुंचाई जा सकी। ग्रामीणों ने करीब ढाई घंटे की भारी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक अग्निकांड में पूरी की पूरी बस्ती स्वाह हो गई।

यह भी पढ़ें - शहीदों की शहादत का बदला, भारतीय सेना ने तबाह किए आतंकियों के लॉन्च पैड..देखिए वीडियो
हालांकि आग को काबू कर गांव के अन्य भवनों को बचा लिया गया। अग्निकांड की सूचना मिलते ही पुरोला और मोरी से एसडीएम मनीष कुमार के नेतृत्व में राजस्व एवं पुलिस विभाग की टीम मौके के लिए रवाना हुई। हालांकि तब तक आग पर काबू पाया जा चुका था। जिला मुख्यालय पर डीएम डा. आशीष चौहान ने संबंधित अधिकारियों के साथ बैठक कर तत्काल पीड़ित परिवारों के लिए रेडक्रॉस से खाद्यान्न, टैंट, कंबल, बर्तन आदि जरूरी सामान भिजवाने की व्यवस्था की। उन्होंने कहा कि पीड़ित परिवारों की हरसंभव मदद की जाएगी। उन्होंने क्षेत्र में बिजली परियोजना का निर्माण कर रहे सतलुज जल विद्युत निगम के माध्यम से भी पीड़ितों के लिए तत्काल सहायता उपलब्ध कराने की बात कही। डीएम ने तत्काल रिलीफ के लिए मसरी गांव स्थित स्वास्थ्य केंद्र से ग्रामीणों को चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराने तथा मवेशियों के उपचार के लिए पशु चिकित्सकों की टीम को मौके लिए रवाना किया। उन्होंने राजस्व विभाग को तत्काल पीड़ित परिवारों को अहेतुक सहायता मुहैया कराने के निर्देश दिए। समाचार लिखे जाने तक राजस्व विभाग की टीम गांव में क्षति के आकलन तथा पीड़ित परिवारों को राहत सहायता मुहैया कराने में जुटी है। पूरी बस्ती स्वाह होने से गांव में हाहाकार मचा हुआ है। अभी तक आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है।