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जहां आज भी सिर्फ चरवाहे जाते हैं – केदार हिमालय के अनदेखे ट्रेक्स
प्रकृति, शांति और हिमालय – केदार के गुप्त ट्रेक्स.. यहां कदम रखते ही बदल जाती है सांस और सोच – Hidden Kedar Trails
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पौड़ी गढ़वाल: सुबह से ही समस्त उत्तराखंड में शोक पसरा हुआ है। उत्तराखंड के पंचूर गांव में मायूसी छा रखी है। वजह है आदित्यनाथ योगी के पिता की मृत्यु की दुखद खबर। आज योगी के पिता ने सुबह दिल्ली में अंतिम सांसे लीं। उनके निधन से कई आंखें नम हैं। आनंद सिंह बिष्ट पंचूर गांव के निवासी थे और लंबे समय से उनकी तबीयत खराब थी जिसके बाद आज सुबह उन्होंने दुनिया से हमेशा-हमेशा के लिए विदा ली। वह पीछे छोड़ गए अपनी सन्तान को जिन्होंने पूरी उत्तर प्रदेश की डोर सम्भाल रखी है और पूरे भारत के आगे यूपी मॉडल की मिसाल पेश की है। एक पिता हमेशा चाहता है कि बेटा आसमान की बुलंदियों को छूता रहे। ऐसा ही कुछ सपना आदित्यनाथ योगी के पिता आनन्द सिंह बिष्ट ने भी अपने मेहनती बेटे के लिए देखा था। जी हां..एक बार पत्रकार वार्ता में पिता आनंद सिंह बिष्ट ने कहा था कि उनका बेट एक दिन देश का प्रघानमंत्री बनेगा। आगे पढ़िए