अच्छी खबर: उत्तराखंड के लोगों को दिल्ली से लेकर आएगी ट्रेन..रेल मंत्री ने दिया ग्रीन सिग्नल

दिल्ली में रह रहे प्रवासी लोगों को उत्तराखण्ड वापस लाने के लिए रेल उपलब्ध कराने के लिए रेल मंत्री पीयूष गोयल ने सहमति दी है। पढ़िए पूरी खबर
Advertisement Hidden Gem Treks of Kedar Himalaya You Must Explore Once in Life

Peaceful and untouched trekking routes away from the crowds. Hidden trails where nature still remains raw and pure.

Example Ads Media
train for migrants from delhi: rail minister piyush goyal confirms trains to uttarakhand
Image: rail minister piyush goyal confirms trains to uttarakhand

देहरादून: मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत के अनुरोध पर दिल्ली में रह रहे प्रवासी लोगों को उत्तराखण्ड वापस लाने के लिए रेल उपलब्ध कराने के लिए रेल मंत्री पीयूष गोयल ने सहमति दी है। मुख्यमंत्री ने इसके लिए रेल मंत्री का आभार व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र ने बताया कि उनकी रेल मंत्री पीयूष गोयल से इस संबंध में बात हुई है। उन्होंने रेल मंत्री से अनुरोध किया कि दिल्ली में 40 हजार के करीब उत्तराखण्ड के प्रवासी उत्तराखण्ड वापस आना चाहते हैं। रेल मंत्री नेे विशेष अनुरोध को स्वीकार करते हुए कहा कि राज्य सरकार अपना प्लान बनाकर दें, तद्नुसार रेल उपलब्ध करवा दी जाएगी। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत द्वारा दो स्थान पर रेल रोके जाने के अनुरोध को भी रेल मंत्री ने स्वीकार किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजीकरण कराने वाले प्रवासियों को लाने के लिए राज्य सरकार मेडिकल नार्म का पालन सुनिश्चित करते हुए हर सम्भव प्रयास कर रही है। प्रवासियों को रेल व बस से लाने पर होने वाले व्यय का भार, राज्य सरकार वहन कर रही है।

यह भी पढ़ें - उत्तराखंड के लोगों को इन राज्यों से ट्रेन में लाया जाएगा..रेलवे में जमा किए गए 50 लाख एडवांस
इससे पहले सचिव शैलेश बगोली ने कहा कि सूरत, अहमदाबाद, पुणे, बैंगलोर, महाराष्ट्र के अलावा कई राज्यों से प्रवासियों को लाने के लिए ट्रेन के लिए भी बात हुई हैं। राजस्थान से भी ट्रेन की बात चल रही है। उत्तराखण्ड के प्रवासी लोगों को लाने के लिए ट्रेन, बस का व्यय उत्तराखण्ड सरकार द्वारा वहन किया जा रहा है। रेलवे के पास 50 लाख रूपए एडवांस के तौर पर जमा भी कर दिया गया है। अभी तक 8 ट्रेन का अनुरोध किया हुआ है। इसका प्लान किया जा रहा है। शैलेश बगोली ने बताया कि जल्द ही रेल मंत्रालय और संबंधित राज्य सरकार से समन्वय कर ट्रेन से प्रवासियों को लाने का भी टाईमटेबल बना दिया जाएगा। जैसे ही तिथि तय हो जाएगी, संबंधित प्रवासियों को एसएमएस के माघ्यम से सूचित कर दिया जाएगा।