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ऋषियों का मार्ग: केदार हिमालय के इन ट्रेक्स पर शोर नहीं, सिर्फ मंत्र सुनाई देते हैं
प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।
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पिथौरागढ़: नेकदिली की फेहरिस्त में हमारे पहाड़ी भाई-बन्धु सर्वदा अपना नाम शुमार करते आए हैं। किसी को मदद की जरूरत होती है तो वो हमेशा आगे आते हैं। कोरोना के दौरान हमारे पहाड़ के बंधु जरूरतमंदों की तरफ मदद का हाथ बढ़ा रहे हैं। कोरोना का खौफ इस समय राज्य में चरम पर है। लॉकडाउन के दौरान कई लोग बेरोजगार हो चुके हैं। यह वक्त बेहद कठिन है। ऐसे मुश्किल हालातों में एक ओर कई मकान मालिक हैं जो अपना फायदा देखते हुए किराएदारों से किराया मांग रहे हैं। वे उनके साथ जोर जबर्दस्ती कर रहे हैं और किराया न देने पर कमरा खाली करने की धमकी दे रहे हैं। यह लोग अपने गरीब और बेरोजगार किराएदारों की दुविधा समझे बिना ही उनपर किराया देने का प्रेशर बना रहे हैं और उनके साथ अभद्रता कर रहे हैं। वहीं दूसरी ओर कुछ नेक दिल लोग भी हैं जो नैतिकता के आधार पर अपने किराएदारों का किराया माफ कर रहे हैं। आज राज्य समीक्षा ऐसे ही जिंदादिल व्यक्ति से आपका परिचय कराने जा रहे हैं जिन्होंने अपने घर मे रहने वाले किराएदारों का साल भर का किराया माफ कर दिया। हम बात कर रहे हैं पिथौरागढ़ के प्रकाश बोरा की जो नैतिकता की मिसाल बनकर समाज के सामने आए हैं। उन्होंने यह साबित कर दिया है कि किसी के सिर से अगर हम थोड़ी सी परेशानी कम सकें तो ही हम सही मायनों में मनुष्य हैं।