गढ़वाल: गैस सिलेंडर में रिसाव के चलते घर में लगी आग, 4 मासूमों समेत 6 लोग झुलसे

गजा उप तहसील के एक गांव में सिलेंडर लीक होने की वजह से घर में आग लग गई। हादसे में परिवार के 6 लोग बुरी तरह झुलस गए। झुलसे लोगों में 4 मासूम बच्चे और उनके माता-पिता शामिल हैं। आगे पढ़िए पूरी खबर
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Tehri Garhwal News: Gas cylinder leaks in Tehri Garhwal, 6 people scorched
Image: Gas cylinder leaks in Tehri Garhwal, 6 people scorched

टिहरी गढ़वाल: घर में रखा गैस सिलेंडर किसी विस्फोटक से कम नहीं। इसलिए सिलेंडर से होने वाले गैस रिसाव को हल्के में ना लें। ये लापरवाही बड़े हादसे का सबब बन सकती है। उत्तराखंड के नई टिहरी जिले में भी यही हुआ। यहां गजा उप तहसील के एक गांव में सिलेंडर लीक होने की वजह से घर में आग लग गई। हादसे में परिवार के 6 लोग बुरी तरह झुलस गए। झुलसे लोगों में 4 मासूम बच्चे और उनके माता-पिता शामिल हैं। 3 बच्चों की हालत गंभीर बनी हुई है। उनके पिता भी गंभीर रूप से झुलसे हैं। सभी का अस्पताल में इलाज चल रहा है। हादसा चका पोखरी स्थित बवाना गांव में हुआ। जहां घर में रखे सिलेंडर में लीकेज की वजह से आग लग गई। देखते ही देखते आग पूरे घर में फैल गई। घर में रहने वाले दंपती और उनके 4 मासूम बच्चे आग की लपटों में घिरकर तड़पने लगे। उनकी चीख-पुकार सुनकर आस-पास के लोग मौके पर पहुंचे और आग बुझाने की कोशिश करने लगे। बाद में पुलिस और 108 सेवा को हादसे की सूचना दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस और 108 एंबुलेंस मौके पर पहुंची और गंभीर रूप से झुलसे लोगों को इलाज के लिए बौराड़ी अस्पताल भेजा।

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जहां सभी का प्राथमिक उपचार किया गया। अब तक मिली जानकारी के अनुसार 3 बच्चों और उनके पिता की हालत गंभीर बनी हुई है। जिनको देहरादून रेफर किया गया है। जबकि एक बच्ची और महिला का इलाज जिला अस्पताल बौराड़ी में चल रहा है। दोनों की स्थिति फिलहाल सामान्य है। हमारी आपसे अपील है कि सिलेंडर से होने वाले गैस रिसाव को हल्के में ना लें। पहाड़ में सिलेंडर में आग लगने की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। 15 जुलाई को रुद्रप्रयाग में रहने वाली एक महिला सिलेंडर में आग लगने से झुलस गई थी। अस्पताल में इलाज के दौरान महिला की मौत हो गई। इसी तरह बीते फरवरी में देहरादून की एक ब्रेड फैक्टरी में सिलेंडर ब्लास्ट से भयानक आग लग गई थी। यहां एक के बाद एक चार सिलेंडर ब्लास्ट हुए। हादसे के दौरान कई मजदूर फैक्ट्री में फंस गए थे, जिनकी जान बड़ी मुश्किल से बचाई जा सकी। फरवरी में ही नैनीताल में गैस सिलेंडर ब्लास्ट में दो महिलाओं समेत तीन लोग झुलस गए थे।