गढ़वाल: झाड़ियों में मिली मंदिर के पुजारी की अधखाई लाश...इलाके में सनसनी

पौड़ी गढ़वाल जिले कल्जीखाल विकासखंड में स्थित महादेव मंदिर में कई सालों से रह रहे पुजारी का शव आज ग्रामीणों को अधखाई अवस्था में मिला। आगे पढ़िए पूरी खबर
Advertisement 90% ट्रेकर्स नहीं जानते केदार हिमालय के ये सीक्रेट रूट्स

प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।

Example Ads Media
Pauri Garhwal News: Garhwal Priest dead body found in bushes
Image: Garhwal Priest dead body found in bushes

पौड़ी गढ़वाल: पौड़ी गढ़वाल जिले कल्जीखाल विकासखंड से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आ रही है। कल्जीखाल विकासखंड के अंतर्गत आने वाली मनियारस्यूं पट्टी के थापला ग्राम पंचायत के कांसदेव स्थित महादेव मंदिर में कई सालों से रह रहे पुजारी का शव आज ग्रामीणों को क्षत-विक्षत हालत में मिला जिसके बाद वहां कोहराम मच गया। मृतक पुजारी की पहचान राम प्रसाद के रूप में हुई है। वे काफी लंबे समय से मंदिर में पुजारी के रूप में सेवा प्रदान कर रहे थे। शव तकरीबन 2 से 3 दिन पुराना लग रहा है और अधखाई अवस्था में मिला है। ग्रामीणों ने तुरंत ही इस बात की सूचना वन विभाग और राजस्व विभाग की टीम को दी जिसके बाद मृतक पुजारी का शव पोस्टमार्टम के लिए पौड़ी भेज दिया गया है। पुजारी की मौत का कारण पता नहीं लग पाया है, मगर शव की हालत देखकर लग रहा है कि किसी जंगली जानवर ने शव को नोंच डाला है। मगर यह भी हो सकता है कि पुजारी की किसी ने ह्त्या की हो और उसके बाद जंगली जानवर ने शव की यह अवस्था की हो।

यह भी पढ़ें - उत्तराखंड में सड़क किनारे मिली महिला की लाश, नशे से जुड़ा कनेक्शन
चलिए अब आपको पूरी घटना से अवगत कराते हैं। ग्रामीणों के मुताबिक पुजारी रामप्रसाद के कंधों पर कई वर्षों से गांव के नजदीक स्थित कांच देव महादेव मंदिर में पूजा अर्चना का दायित्व था जिसे वह भली-भांति निभा रहे थे। ग्रामीण दिनेश कुकरेती के मुताबिक पिछले 3 दिनों से मंदिर में घंटी की आवाज नहीं आ रही थी और इसी के साथ मंदिर का लाउडस्पीकर भी नहीं बच रहा था। जिसके बाद ग्रामीणों को शक हुआ। वे पुजारी को देखने मंदिर पहुंचे तो पुजारी वहां मौजूद नहीं थे। मंदिर में उनके जूते, चप्पल और फोन मिला। ग्रामीणों का शक और अधिक गहराने पर उन्होंने इस बात की सूचना गांव के प्रधान राकेश कुमार को दी। ग्राम प्रधान ने अन्य ग्रामीणों के साथ मिलकर पुजारी की तलाश करनी शुरू की तो मंदिर से कुछ ही दूरी पर झाड़ियों में रामप्रसाद का शव अधखाई अवस्था में मिला जिसके बाद वहां कोहराम मच गया

यह भी पढ़ें - उत्तराखंड: भेड़ों के बाड़े में घुसे आवारा कुत्ते, 78 भेड़ों को मार डाला..अब रोजी-रोटी का संकट
यह भी पढ़ें - उत्तराखंड: भेड़ों के बाड़े में घुसे आवारा कुत्ते, 78 भेड़ों को मार डाला..अब रोजी-रोटी का संकट
जिस हालत में शव मिला है उससे यह अंदाजा लगाया जा रहा है की पुजारी पर किसी जंगली जानवर ने हमला किया है मगर यह भी संभावना है कि किसी ने पुजारी की हत्या करके उसको झाड़ियों में फेंक दिया हो जिसके बाद जंगली जानवरों ने शव को नोंच कर खा लिया हो। वहीं ग्राम प्रधान और ग्रामीणों ने तुरंत ही इस बात की सूचना राजस्व और वन विभाग को दे दी जिसके बाद वन विभाग और राजस्व विभाग की टीम घटनास्थल पर पहुंची गई और मृतक पुजारी के शव को अपने कब्जे में लिया। राजस्व निरीक्षक लक्ष्मण सिंह नेगी, राजस्व उप निरीक्षक अरविंद पटवाल, धनवीर चौहान, वन दारोगा धन सिंह नेगी प्रवीन रावत आदि वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए पौड़ी भेज दिया है। पुजारी की मृत्यु की असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आने के बाद ही पता लगेगी। वहीं उनके परिवार को भी उनकी मृत्यु की सूचना दे दी गई है। उनकी मृत्यु की खबर सुनकर ही उनके परिवार के बीच में मातम पसर गया है।