उत्तराखंड विधानसभा चुनाव के लिए AAP का प्लान तैयार, जानिए क्या होंगे खास मुद्दे

आम आदमी पार्टी अब दिल्ली के मॉडल की तर्ज पर ही उत्तराखंड के आगामी चुनावो में भी लड़ने की तैयारी में जुट चुकी है। अब देखना यह है कि उत्तराखंड में भी दिल्ली का सक्सेसफुल मॉडल कामयाब हो पाता है कि नहीं-
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Uttarakhand Assembly Elections: Preparation of Aam Aadmi Party for Uttarakhand assembly elections
Image: Preparation of Aam Aadmi Party for Uttarakhand assembly elections

देहरादून: चुनावी सीजन उत्तराखंड में दस्तक दे चुका है। 2021 में होने वाले विधानसभा चुनावों में हर कोई उत्तराखंड में अपना वर्चस्व स्थापित करने में और जनता का दिल जीतने में जुटा हुआ है। वहीं इस बार एक नई पार्टी नई रणनीति और नए सिरे से उत्तराखंड में तीसरी सबसे बड़ी सियासत बनने के लिए मैदान में भाजपा और कांग्रेस के खिलाफ उतर चुकी है। आपने बिल्कुल ठीक समझा....हम बात कर रहे हैं आम आदमी पार्टी की। दिल्ली के चुनावों में जीत का डंका बजाने वाले अरविंद केजरीवाल की पार्टी आम आदमी पार्टी भी उत्तराखंड में भी जोरों-शोरों से भाजपा एवं कांग्रेस को टक्कर देने के लिए मैदान में उतर चुकी है। आप ने उत्तराखंड की दो सबसे मुख्य समस्याओं को टारगेट किया है। आम आदमी पार्टी ने उत्तराखंड की जनता से यह वादा किया है कि उनकी सरकार बेरोजगारी की समस्या एवं पहाड़ों से हो रहे पलायन को कम करने के ऊपर जोर देगी।

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आम आदमी पार्टी अब दिल्ली की मॉडल की तर्ज पर ही उत्तराखंड के चुनावों में भी जुट चुकी है। बता दें कि दिल्ली की मॉडल की तर्ज पर आम आदमी पार्टी देवभूमि में भी सरकार बनाने की रणनीति के साथ युद्ध के मैदान में उतर चुकी है। आगामी वर्ष 2021 में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर आम आदमी पार्टी की तैयारियां काफी तेज हो गई हैं और इस संबंध में आप के कुमाऊं प्रभारी जितेंद्र फुलारा ने कार्यकर्ताओं के साथ बैठक करके उनको आवश्यक दिशा निर्देश भी दिए। बता दें कि आम आदमी पार्टी अब उत्तराखंड में भी बिल्कुल वैसी ही चुनाव लड़ने की स्ट्रैटजी बना रही है जैसी स्ट्रैटजी बनाकर उन्होंने दिल्ली में चुनाव जीत कर इतिहास रचा था। दिल्ली मॉडल के तर्ज पर अब आम आदमी पार्टी उत्तराखंड में भी सरकार बनाने की तैयारियों में जुटी हुई है। आप के सुप्रीमो केजरीवाल ने दिल्ली में भाजपा और कांग्रेस को हरा कर जो ऐतिहासिक जीत हासिल की थी उससे कई युवा उनसे प्रभावित हुए थे। उत्तराखंड में भी आम आदमी पार्टी की लहर दिखाई दे रही है। कई युवा भाजपा और कांग्रेस का दामन छोड़ आम आदमी में शामिल हो चुके हैं। इससे यह तो तय है कि उत्तराखंड में आने वाले विधानसभा के चुनाव बेहद मजेदार साबित होंगे और तीनों पार्टियों के बीच कड़ी टक्कर होगी।

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बता दे कि पिथौरागढ़ में भी आम आदमी पार्टी ने आगामी वर्ष 2021 में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर तैयारियों में तेजी लाना शुरू कर दिया है। गंगोलीहाट में टूरिस्ट होटल में आयोजित बैठक में संगठन की मजबूती को लेकर चर्चा की गई। वहां पर कुमाऊं प्रभारी जितेंद्र फुलारा ने कार्यकर्ताओं से विधानसभा चुनाव की तैयारी में जुट जाने के निर्देश दिए हैं। जितेंद्र ने कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर उनको पार्टी की विचारधारा से अवगत कराया और कहा कि पार्टी दिल्ली मॉडल के तर्ज पर उत्तराखंड में भी सरकार बनाने में जरूर कामयाब होगी। वहीं देखना यह है कि क्या जो जादू आम आदमी पार्टी ने दिल्ली वालों पर चलाया था क्या वही जादू उत्तराखंड के लोगों के ऊपर भी चलेगा? हालांकि आम आदमी पार्टी इस बार उत्तराखंड के विधानसभा चुनावों में पूरे कॉन्फिडेंस के साथ सभी विधानसभा की सीटों पर चुनाव लड़ेगी। आगामी चुनावों का क्या नतीजा रहेगा, यह तो भविष्य के गर्भ में छिपा है मगर आम आदमी पार्टी जिस तेजी से पहाड़ों पर अपना वर्चस्व स्थापित करने में जुटी हुई है उससे यह तो तय है कि आगामी चुनाव में यह पार्टी भाजपा एवं कांग्रेस के लिए काफी मुसीबतें खड़ी करने वाली है।