बड़े सियासी संग्राम का साक्षी बनेगा उत्तराखंड? खबरें, चर्चाएं और हलचल तेज

आगे क्या होगा अभी कोई नहीं जानता लेकिन इतना जरूर है कि उत्तराखंड एक बड़े राजनीतिक उठापटक का साक्षी बनने जा रहा है।
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Uttarakhand leadership change: Discussions of leadership change in Uttarakhand
Image: Discussions of leadership change in Uttarakhand

देहरादून: उत्तराखंड में आखिर हो क्या रहा है? हर दिन कुछ ना कुछ सियासी हलचल और राजनीतिक चर्चाएं। जाहिर सी बात है कि इनसे सियासी भूचाल मचेगा। कई जगहों में इसे नेतृत्व परिवर्तन कहा जा रहा है। सांसद अनिल बलूनी के साथ-साथ सासंद अजय भट्ट और सतपाल महाराज के नामों की भी चर्चा हो रही है। लेकिन सच आखिर क्या है? ये अभी तक किसी को नहीं पता। सत्तर विधानसभा सीटों वाले राज्य उत्तराखंड में राजनीतिक अस्थिरता पहली बार नहीं बनी है। राज्य के गठन के वक्त से ही उत्तराखंड में न जाने कितनी बार राजनीतिक उठापटक देखी है। त्रिवेंद्र सरकार को उत्तराखंड में 4 साल हो रहे हैं। साल 2022 उत्तराखंड के लिए एक बार फिर से अहम साल होने जा रहा है। चुनाव सिर पर है और उधर सियासी हलकों में अलग-अलग चर्चाएं चल रही हैं। इस वक्त जब कि सभी पार्टियां उत्तराखंड चुनाव में अपनी जड़ें जमाने की कोशिश कर रही हैं..ऐसे वक्त में भारतीय जनता पार्टी के अंदरखाने कुछ ठीक नहीं चल रहा। खबरें, चर्चाएं तो इसी बात का संकेत दे रही हैं। उधर सीएम त्रिवेंद्र दिल्ली रवाना हुए हैं और आलाकमान से उनकी मुलाकात होनी है। आगे क्या होगा अभी कोई नहीं जानता लेकिन इतना जरूर है कि उत्तराखंड एक बड़े राजनीतिक उठापटक का साक्षी बनने जा रहा है।
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