उत्तराखंड: दूर होगी हल्द्वानी की सबसे बड़ी परेशानी..ऊर्जा निगम ने शुरू की बड़ी तैयारी

बिजली लाइन अंडरग्राउंड होने के कई फायदे होंगे। आंधी-तूफान में बिजली की लाइनें प्रभावित नहीं होंगी। झूलती तारों की वजह से हादसे नहीं होंगे। बिजली चोरी की घटनाएं भी रुकेंगी।
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Haldwani News: Electricity wires will be laid underground in Haldwani
Image: Electricity wires will be laid underground in Haldwani

हल्द्वानी: नैनीताल प्रशासन की योजना परवान चढ़ी तो हल्द्वानी शहर में अब बिजली के तारों का जाल नजर नहीं आएगा। मसूरी और हरिद्वार की तर्ज पर यहां बिजली की लाइनों को अंडरग्राउंड करने की तैयारी है। ऐसा होने पर शहर के लोगों को पोल और तारों के जंजाल से निजात मिलेगी, और भी कई फायदे होंगे। शुक्रवार को हल्द्वानी में इसे लेकर अधीक्षण अभियंता की मौजूदगी में बैठक हुई। जिसमें बिजली लाइनों को अंडरग्राउंड करने के प्रस्ताव पर चर्चा हुई। प्रोजेक्ट के लिए एशियन डेवलपमेंट बैंक की तरफ से बजट मुहैया कराया जाएगा। दून और हल्द्वानी समेत प्रदेश के कई शहरों में बिजली लाइनों को अंडरग्राउंड करने की योजना पर काम चल रहा है। ऊर्जा निगम के मुताबिक फिलहाल मुख्य मार्गों को इस प्रोजेक्ट में शामिल किया गया है, क्योंकि गली-मोहल्लों की लाइनों को शिफ्ट करने में काफी दिक्कतें होंगी.

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ऊर्जा निगम के मुताबिक इससे पहले मसूरी में बिजली लाइनें अंडरग्राउंड की जा चुकी हैं। हरिद्वार में भी कुंभ क्षेत्र में बिजली की लाइनें अंडरग्राउंड की गई थीं। अब हल्द्वानी में भी काम शुरू होने जा रहा है। अंडरग्राउंड बिजली लाइन से क्या-क्या फायदे होंगे, ये भी बताते हैं। इससे बिजली चोर केबल में कट नही लगा पाएंगे। कटिया डालकर बिजली चोरी करने वालों को ऐसा करने का मौका नहीं मिलेगा। आंधी-तूफान में बिजली की लाइनें प्रभावित नहीं होंगी। झूलती तारों की वजह से हादसे नहीं होंगे। लाइन लॉस नहीं होगा तो उपभोक्ताओं को ज्यादा बिजली मिलेगी। बता दें कि मानसून सीजन में बिजली लाइनें टूटने की वजह से सिर्फ हल्द्वानी में ही लाखों का नुकसान होता है। बिजली चोरी के मामले में भी हल्द्वानी शहर टॉप टेन में है। ऐसे में बिजली लाइनें अंडरग्राउंड करना अच्छा विकल्प है। इसमें खर्चा ज्यादा आएगा, लेकिन भविष्य सुरक्षित होगा।