उत्तराखंड: एक चिंगारी से खत्म हुई अनाथ बहनों की खुशियां, शादी का सामान धू-धूकर जला

अगर आपको अपना दुख दुनिया का सबसे बड़ा दुख लगता है, तो एक बार नीलम और संयोगिता के बारे में भी जान लें।
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Peaceful and untouched trekking routes away from the crowds. Hidden trails where nature still remains raw and pure.

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Roorkee Ramnagar Neelam: Neelam and Sanyogita house burnt in Roorkee Ramnagar
Image: Neelam and Sanyogita house burnt in Roorkee Ramnagar

रुड़की: हरिद्वार में पटाखे की चिंगारी ने एक गरीब परिवार की खुशियां जलाकर राख कर दीं। इस परिवार में दो गरीब बेटियों की शादी होनी थी। बच्चियों के माता-पिता नहीं हैं, उनकी मौत हो चुकी है। दोनों बहनों ने जैसे-तैसे कुछ पैसे जोड़कर अपनी शादी के लिए सामान जोड़ा था, लेकिन दिवाली पर फूट रहे पटाखों ने घर की खुशियों को अंधेरे में दफ्न कर दिया। पटाखे की चिंगारी घर के ऊपर गिरी और आग लग गई। आग इतनी भीषण थी कि घर में रखा सारा सामान जलकर राख हो गया। घटना रुड़की की है। यहां रामनगर नई बस्ती में नीलम और संयोगिता नाम की दो सगी बहनें रहती हैं। उनका एक भाई है। साल 2012 में नीलम और संयोगिता के पिता का देहांत हो गया था। तीन साल बाद मां भी चल बसी। ऐसे में नीलम और संयोगिता मेहनत कर के अपना और भाई का खर्च खुद उठा रही हैं। दोनों बहनों ने अपने विवाह के लिए दहेज भी इकट्ठा किया था। दहेज का सामान मकान की छत के ऊपर बने एक टिन शेड में रखा था।

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बीते रोज अचानक पटाखे की एक चिंगारी कहीं से आकर इनके समान पर आ गिरी और सारा सामान कुछ ही मिनटों में जलकर राख हो गया। नीलम और संयोगिता के साथ उनका भाई भी मेहनत-मजदूरी करता है। तीनों भाई-बहन एक छोटे से घर में गुजारा करते हैं। दो महीने बाद दोनों बहनों की शादी थी। भाई-बहन ने मिलकर सामान जोड़ा था, लेकिन एक पटाखे की चिंगारी से घर में आग लग गई। देखते ही देखते सारा सामान जलकर राख हो गया। विवाह से चंद दिन पहले हुई इस घटना ने सभी को दुखी कर दिया है। विधायक प्रदीप बत्रा ने भी घटना पर अफसोस जताया। उन्होंने दोनों बहनों को मुख्यमंत्री से हरसंभव मदद दिलाने का आश्वासन दिया है। पड़ोसियों ने भी सरकार से अनाथ भाई-बहनों की मदद की गुहार लगाई है, ताकि उनके विवाह में किसी तरह की बाधा न आए।