Advertisement
90% ट्रेकर्स नहीं जानते केदार हिमालय के ये सीक्रेट रूट्स
प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।
Example Ads Media
देहरादून: सीपीयू यानि सिटी पेट्रोलिंग यूनिट (Uttarakhand CPU RTI) पुलिस विभाग की वही यूनिट जो पिछले 7 वर्षों से सड़कों पर चालान और जुर्माना वसूलने का काम कर रही है। स्ट्रीट क्राइम व चेन स्नेचिंग पर अंकुश लगाना, ट्रैफिक व्यवस्था दुरुस्त रखना और नियम तोड़ने वाली गाड़ियों का चालान करना सीपीयू के प्रमुख काम हैं। इसी सीपीयू को लेकर एक हैरान करने वाला खुलासा हुआ है। आरटीआई एक्टिविस्ट अधिवक्ता विकेश नेगी ने दावा किया है कि उन्होंने सूचना के अधिकार से जो जानकारी पुलिस मुख्यालय से मांगी थी, उसमें यह बताया गया है कि सीपीयू (CPU) गठन को लेकर अब तक कोई शासनादेश जारी नहीं हुआ है। इसका मतलब ये है कि पिछले सात साल से सीपीयू अवैध रूप से जुर्माना वसूलने का काम कर रही है। वकील विकेश सिंह कहते हैं कि जब सीपीयू को लेकर कोई शासनादेश जारी ही नहीं हुआ तो सीपीयू जुर्माना कैसे वसूल सकती है। उन्होंने इस मामले में नैनीताल हाईकोर्ट में जनहित याचिका दाखिल करने का भी दावा किया है।