Advertisement
हजारों वर्षों से जलती अखंड ज्योति के सामने सात फेरे - आस्था, परंपरा और प्रकृति का अनोखा संगम
पहाड़, मंत्र और देवभूमि का आशीर्वाद.. त्रियुगीनारायण में शादी सिर्फ एक समारोह नहीं, आध्यात्मिक अनुभव है।
Example Ads Media
नैनीताल: आरोप है कि कांग्रेस कार्यकर्ता सम्मेलन में शामिल होने बाजपुर जा रहे उत्तराखंड के पूर्व कैबिनेट मंत्री Yashpal Arya और नैनीताल के पूर्व विधायक Sanjeev Arya के काफिले पर पूर्व जिला पंचायत सदस्य Kulwinder Singh Kinda और उनके समर्थकों ने हमला कर दिया। इसके बाद सियासी गलियारों में हलचल पैदा हो गई है। घटना लेवड़ा नदी पुल की है। किंदा व उनके साथी वहां आर्य के विरोध में काले झंडों के साथ धरना दे रहे थे। लाठी डंडों से हुए हमले में कांग्रेस के करीब 7-8 कार्यकर्ता चोटिल हो गए। इसके बाद पुलिस थाने में भी खूब बवाल मचा। पूर्व कैबिनेट मंत्री यशपाल आर्य व उनके बेटे नैनीताल के विधायक संजीव आर्य पर हुए हमले की घटना को लेकर प्रदेशभर में सियासत तेज होने के आसार हैं। कांग्रेस पार्टी अब पूरे मामले को राजनीति स्तर पर भुनाने का प्रयास कर सकती है। भाजपा छोड़कर कांग्रेस में वापसी करने वाले पूर्व कैबिनेट मंत्री यशपाल आर्य और उनके बेटे नैनीताल के पूर्व विधायक संजीव आर्य शनिवार दिन में करीब साढ़े बारह बजे कार्यकर्ताओं के काफिले के साथ बाजपुर में आयोजित कांग्रेस की बैठक में शामिल होने जा रहे थे। इस दौरान हल्द्वानी स्टेट हाइवे स्थित लेवड़ा नदी पुल पर किसान आंदोलन से जुड़े रहे पूर्व जिला पंचायत सदस्य कुलविंदर सिंह किंदा ने अपने समर्थकों के साथ आर्य को काले झंडे दिखाए और हिंसात्मक विरोध शुरू कर दिया.