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Untouched Trekking Routes in Kedar Himalaya, Uttarakhand
Lesser-known treks offering breathtaking Himalayan views. A perfect blend of adventure, solitude, and spirituality.
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पिथौरागढ़: उत्तराखंड के सीमावर्ती क्षेत्र नशा तस्करों के निशाने पर हैं। खासकर नेपाल से चरस जैसे मादक पदार्थ भारी मात्रा में उत्तराखंड लाए जा रहे हैं। जिन्हें बाद में अलग-अलग राज्यों में सप्लाई किया जाता है। भारत-नेपाल के बीच अच्छे संबंधों का नशा तस्कर जमकर फायदा उठा रहे हैं। बीते दिन पिथौरागढ़ पुलिस ने नेपाल की एक महिला को चरस की बड़ी खेप के साथ पकड़ा। यह महिला नेपाल जाने वाली एक बारात में उमड़ी भीड़भाड़ का फायदा उठाकर भारत की तरफ आई थी। तलाशी में उसके पास से 270 ग्राम चरस मिली। मामला धारचूला का है। जहां भारत-नेपाल के बीच बना झूला पुल दोनों देशों के नागरिकों की आवाजाही का जरिया है।
आमतौर पर यह पुल रोजाना शाम पांच बजे के बाद बंद कर दिया जाता है पर रविवार को एक बारात नेपाल जाने वाली थी। जिसके लिए अंतरराष्ट्रीय झूला पुल को 10 मिनट के लिए खोल दिया गया था। इसी बीच भीड़ का फायदा उठाकर एक महिला तस्कर चरस लेकर नेपाल से भारत आने लगी। शक होने पर एसएसबी टीम ने महिला को पकड़ लिया। तलाशी के दौरान महिला के पास से भारी मात्रा में चरस बरामद हुई। अगर समय रहते नशे की सौदागर महिला को पकड़ा नहीं जाता, तो वो 10 मिनट में भारत में दाखिल हो जाती। जानकारी के मुताबिक रविवार को निर्धारित समय पर शाम पांच बजे अंतरराष्ट्रीय झूला पुल बंद हो गया था। इस दौरान भारत से एक बारात को नेपाल जाना था। इस संबंध में दूल्हे वालों ने एसडीएम से कुछ देर के लिए पुल खोलने की अपील की। एसडीएम के निर्देश पर पुल को 5 बजकर 10 मिनट तक खुला छोड़ा गया। इस दौरान भारत से बारात नेपाल गई, तभी मौके का फायदा उठाकर नेपाल की एक महिला भारत में दाखिल हो गई।
11वीं वाहिनी एसएसबी डीडीहाट के अधिकारियों के निर्देश पर महिला को रोक दिया गया। तलाशी के दौरान महिला के पास से 270 ग्राम चरस मिली। आरोपी महिला की शिनाख्त 40 साल की सरिता बड़ाल के रूप में हुई। वह नेपाल के दार्चुला क्षेत्र की रहने वाली है। आरोपी महिला और उसके पास से बरामद चरस को धारचूला थाना पुलिस को सौंप दिया गया है। मामले की जांच जारी है। बता दें कि भारत-नेपाल सीमा पर नशा तस्कर हमेशा सक्रिय रहते हैं और वारदातों को अंजाम देते हैं। यहां नशीले पदार्थों की तस्करी रोकने के लिए बड़े स्तर पर अभियान चल रहा है, लेकिन तमाम सतर्कता के बावजूद नशीले पदार्थों की तस्करी जारी है। बीते दिन बागेश्वर में भी एक विदेशी महिला को 1.40 किलोग्राम चरस के साथ पकड़ा गया था।