Advertisement
Triyuginarayan - World’s Most Divine Wedding Destination
Couples are choosing the sacred land of Lord Shiva’s wedding to begin their own love stories.
Example Ads Media
उत्तरकाशी: चारधाम यात्रा को सुखद और सुरक्षित बनाने के लिए बड़ी परियोजनाओं पर काम चल रहा है।
इसी कड़ी में यमुनोत्री धाम में एक डबल लेन सुरंग बनाई जा रही है। धाम से 50 किलोमीटर दूर बन रही इस सुरंग का निर्माण ऑल वेदर रोड प्रोजेक्ट के तहत हो रहा है। जिसकी लंबाई 4.5 किमी है। इसमें से 3.1 किलोमीटर सुरंग का निर्माण पूरा कर लिया गया है। अब इस सुरंग से होने वाले फायदे भी बताते हैं। इसके बनने से ऋषिकेश से यमुनोत्री की दूरी 26 किलोमीटर घट जाएगी। अभी यह दूरी 256 किलोमीटर है। प्रदेश में बनने वाली सबसे बड़ी सुरंग का काम सिलक्यारा से जंगलचट्टी के बीच हो रहा है। जिसका जिम्मा एनएचआईडीसीएल के पास है। एनएचआईडीसीएल के अधिकारी कहते हैं कि पहले सुरंग का निर्माण 2023 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया था, लेकिन इसमें कुछ अतिरिक्त समय लग सकता है। साल 2024 तक इसका निर्माण पूरा कर लिया जाएगा। सुरंग का निर्माण कार्य जनवरी 2019 में शुरू हुआ था।
अभी ऋषिकेश से यमुनोत्री पहुंचने में 8 घंटे लगते हैं। सुरंग बन जाने के बाद ये अवधि 45 मिनट कम हो जाएगी। सुरंग में आने और जाने के लिए अलग-अलग लेन होंगी। एकीकृत नियंत्रण प्रणाली के तहत सुरंग के अंदर की गतिविधि के स्वचालन में मदद मिलेगी। सुरंग के बाहर नियंत्रण कक्ष होगा। आगजनी की स्थिति में खुद ही पानी की बौछार होने लगेगी और पंखे बंद हो जाएंगे। एफएम के जरिए इसकी सूचना वाहन चालकों को भी दी जाएगी। सुरंग के अंदर सुरक्षित ड्राइविंग के लिए स्वचालित प्रकाश नियंत्रण प्रणाली भी होगी। सुरंग निर्माण का फायदा यमुनोत्री क्षेत्र की दो लाख आबादी को भी मिलेगा। दरअसल यमुनोत्री पहुंचने के लिए वाहनों को राड़ी टॉप नाम की पहाड़ी से गुजरना पड़ता है। यहां शीतकाल में ट्रैफिक बाधित होता है। सुरंग बनने के बाद वाहनों को पहाड़ी से नहीं गुजरना पड़ेगा। इस सुरंग का निर्माण न्यू ऑस्ट्रियन टनलिंग मेथड से किया जा रहा है। All Weather Road पर Yamunotri रूट में Silkyara Tunnel बन रही है। ये Uttarakhand की longest Tunnel होगी