उत्तराखंड पुलिस में 23 साल से फर्जीवाड़े के दम पर नौकरी कर रहा था सिपाही, नाम भी निकला फर्जी

uttarakhand police विभाग में constable rajeev kumar बीते 23 साल से fake documents के दम पर नौकरी कर रहा था।
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uttarakhand police constable rajeev kumar : fake documents job of uttarakhand police constable rajeev kumar
Image: fake documents job of uttarakhand police constable rajeev kumar

उधमसिंह नगर: उत्तराखंड के नैनीताल जिले के कालाढूंगी में तैनात एक सिपाही पर फर्जी दस्तावेज लगाकर भर्ती होने का मामला सामने आया है।

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जी हां, शिकायतकर्ता का आरोप है कि आरोपी सिपाही ने शैक्षिक दस्तावेजों में नाम बदलकर विभाग को धोखा दिया है और राज्य गठन से पहले ही भर्ती जॉइन कर ली। अब तक वह 23 साल की सेवा भी दे चुका है। शिकायत के बाद पुलिस ने मामले की जांच पड़ताल शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार देहरादून मुख्यालय में 2021 में खटीमा के एक व्यक्ति ने शिकायती पत्र भेजा जिसमें कहा गया था कि नैनीताल जिले के कालाढूंगी में तैनात सिपाही राजीव कुमार का वास्तविक नाम सत्यपाल है और वह 1990 में राजकीय इंटर कॉलेज सितारगंज से हाई स्कूल की परीक्षा में अनुत्तीर्ण हो गया था।

बाद में उसने राजीव कुमार नाम से दस्तावेज तैयार करवाए और इसी नाम से दूसरे शख्स के शैक्षिक अभिलेखों के सहारे वह राज्य गठन से पहले ही पुलिस में भर्ती हो गया। वह 23 सालों से नौकरी कर रहा है। वहीं चंद्रपाल का शिकायती पत्र मिलते हैं पुलिस विभाग सतर्क हो गया है और पुलिस विभाग ने जांच पड़ताल करनी शुरू कर दी है। वहीं आरोपी सिपाही पर मुकदमा दर्ज करने के लिए उधम सिंह नगर पुलिस को आदेश भी दे दिए हैं। इसके बाद कालाढूंगी में तैनात सिपाही के विरुद्ध थाना पंतनगर में सिपाही सत्यपाल उर्फ राजीव कुमार पर धोखाधड़ी का मुकदमा भी दर्ज कर लिया गया है। उधम सिंह नगर के एसएसपी ने बताया कि कालाढूंगी में तैनात सिपाही राजीव कुमार पर शैक्षिक दस्तावेजों में नाम बदलकर पुलिस में भर्ती होने की शिकायत पत्र पर कार्रवाई की जा रही है। पंतनगर थाने में मुकदमा दर्ज कर जांच पड़ताल शुरू कर दी गई है।