Uttarakhand में आमतौर पर Monsoon 10 से 20 जून के बीच दस्तक देता है। इस बार मानसून के समय से पहले पहुंचने का अनुमान है।
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अनुष्का ढौंडियाल
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Image: Monsoon may arrive in Uttarakhand from June 10 to 20
चमोली: मानसून ने आखिरकार केरल में दस्तक दे दी है, इसका असर पूरे देश पर पड़ा है।
Monsoon may arrive earlier in Uttarakhand
कई राज्यों में बारिश की संभावना बनी हुई है। बात करें उत्तराखंड की तो राज्य में मानसून के 10 से 20 जून तक पहुंचने का अनुमान है। केरल में मानसून अनुमानित समय पर पहुंचा है, इसलिए उत्तराखंड में भी इस बार मानसून के तय समय पर पहुंचने की संभावना जताई जा रही है। अनुमान है कि 10 से 20 जून तक मानसून उत्तराखंड पहुंच सकता है, हालांकि इसके पहुंचने में चार दिन आगे या पीछे होना संभव है। मानसून के वक्त में उत्तराखंड के 5 जिलों में सबसे ज्यादा परेशानियां देखने को मिलती हैं। भारी बारिश, भूस्खलन, बाढ़, नदियों का उफान, सड़कों का टूटना जैसी खबरें हर मॉनसून सीजन में इन 5 जिलों से आती रहती हैं। रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़, उत्तरकाशी, चमोली, बागेश्वर ऐसे जिले हैं, जहां मानसून का सबसे ज्यादा असर देखा जाती है। इसके बाद पौड़ी, टिहरी और चंपावत जिलों में ऐसी घटनाएं सामने आती रहती हैं। ये माना जा रहा है कि उत्तर भारत में मानसून समय से पहले दस्तक दे सकता है। पिछले साल भी मानसून समय से पहले उत्तराखंड पहुंचा था। तब 13 जून को कुमाऊं में मानसून ने दस्तक दे दी थी। इस बार मानसून के सामान्य रहने के आसार हैं। प्रदेश में आमतौर पर मानसून 15 से 25 जून के बीच दस्तक देता है। भारतीय मौसम विभाग ने इसके 27 मई के आसपास केरल में पहुंचने का अनुमान लगाया था। जबकि यहां मानसून 29 मई को पहुंचा।
केरल में मानसून के दस्तक देने की सामान्य तिथि 1 जून मानी जाती है। मानसून को केरल से उत्तराखंड पहुंचने में 20 से 22 दिन लगते हैं, इस बार मानसून की सक्रियता अधिक रहने की आशंका है। बात करें मौसम की तो आज उत्तरकाशी, चमोली, बागेश्वर, रुद्रप्रयाग और पिथौरागढ़ में बारिश की संभावना है। देहरादून समेत मैदानी इलाकों में तेज हवाएं चल सकती हैं। चारधाम यात्रा जिलों में मौसम खराब रहेगा, इसलिए यात्रियों को यात्रा के दौरान सतर्क रहने की सलाह दी जाती है। पहाड़ी क्षेत्रों में मौसम इन दिनों खुशगवार बना हुआ है। बारिश ने लोगों को राहत दी है, हालांकि मैदानी क्षेत्रों में लोग अब भी गर्मी और उमस से बेहाल हैं। उस पर बिजली कटौती ने लोगों की परेशानी बढ़ाई है। रविवार को चारधाम क्षेत्र में भी कई-कई घंटे तक बिजली आपूर्ति ठप रही। Uttarakhand में आमतौर पर Monsoon 10 से 20 जून के बीच दस्तक देता है। इस बार मानसून के समय से पहले पहुंचने का अनुमान है।