उत्तराखंड: लंबे वक्त बाद Joshimath के लिए आई गुड न्यूज, भगवान करे सब ठीक हो जाए

joshimath sinking latest update आखिरकार एक लंबे वक्त बाद जोशीमठ के लिए थोड़ी राहत की खबर सामने आई है। हालांकि खतरा अभी बरकरार है। पढ़िए पूरी खबर
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Joshimath sinking latest update: Water discharge reduced in Joshimath
Image: Water discharge reduced in Joshimath

चमोली: जोशीमठ लगातार बड़ी आपदा का संकेत दे रहा है। इस बीच एक राहत भरी खबर सामने आई है।

Water discharge reduced in Joshimath

आप जानते ही होंगे कि हाल ही में जोशीमठ के कई घरों में हबड़ी बड़ी दरारों ने लोगों को सकते में डाल दिया था। घरों के नीचे से पानी की आवाजों लोगों को डरा रही थी। कहीं खुद ही बड़े झरने फूट रहे थे। ऐसे में हर कोई प्रार्थना कर रहा था कि जोशीमठ का ये संकट दूर हो जाए। अब एक राहत की खबर सामने आई है। जोशीमठ में शुरुआत में निकलने वाले पानी का डिस्चार्ज कम हो रहा है। आपको बता दें कि 6 जनवरी 2023 को पानी का डिस्चार्ज 540 एल.पी.एम. था। अब ये घटकर 123 एल.पी.एम. हो गया है। आपको बता दें कि सीबीआरआई के 10 वैज्ञानिकों की टीम को तीन सप्ताह, एनजीआरआई के 10 वैज्ञानिकों की टीम पल पल जोशीमठ की निगरानी कर रही है। जोशीमठ को बचाने के लिए हर संभव कोशिश की जा रही है। आगे पढ़िए

Joshimath sinking latest update

वैज्ञानिकों की अलग अलग टीमों को जल्द से जल्द अपनी प्रारंभिक रिपोर्ट्स देने के लिए कहा गया। इस बीच सचिव आपदा प्रबन्धन ने जानकारी दी है कि जोशीमठ में पानी का डिस्चार्ज धीरे धीरे कम हो रहा है। हालांकि खतरा अभी टला नहीं है लेकिन काफी वक्त बाद जोशीमठ के लिए ये राहत भरी खबर है। इस बीच जोशीमठ की रक्षा के लिए नृसिंह देवता मंदिर में पाठ किया जा रहा है। जोशीमठ में अभी तक 849 भवनों में दरारें दृष्टिगत हुई है। सर्वेक्षण का कार्य गतिमान है। सचिव आपदा प्रबंधन ने जानकारी दी है कि गांधीनगर में 01, सिंहधार में 02, मनोहरबाग में 05, सुनील में 07 वार्ड असुरक्षित घोषित किए गए हैं। 167 भवन असुरक्षित क्षेत्र में स्थित है। 250 परिवार सुरक्षा के दृष्टिगत अस्थायी रूप से विस्थापित किये गये हैं। विस्थापित परिवार के सदस्यों की संख्या 838 है।