वंदे भारत ट्रेन के संचालन के पहले ही दिन इसका पुरजोर विरोध उत्तराखंड में शुरू हो गया है और विरोध करने वालों में रेलवे कर्मचारी भी शामिल हैं।
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अनुष्का ढौंडियाल
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Image: Protest Against Dehradun Delhi Vande Bharat Express
देहरादून: देहरादून से दिल्ली और फिर देहरादून के बीच चलने वाली ट्रेन का संचालन आज से शुरू हो चुका है। ये कुल पांच जगहों पर रुककर चलेगी। यह सेमी हाई स्पीड वाली ट्रेन देहरादून से दिल्ली के बीच चलाई जाएगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 25 मई को इस वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन को रवाना किया था। इसकी आज से व्यावसायिक सर्विस शुरू हो चुकी है।
Protest Against Vande Bharat Express in Dehradun
मगर वंदे भारत ट्रेन के संचालन के पहले ही दिन इसका पुरजोर विरोध उत्तराखंड में शुरू हो गया है और विरोध करने वालों में रेलवे कर्मचारी भी शामिल हैं। जी हां लाइव हिन्दुस्तान की खबर के मुताबिक दरअसल दिल्ली देहरादून वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन के शुरू होने के महज 5 दिनों के अंदर ही इसका विरोध शुरू हो गया है और विरोध के चलते हुए रेल यात्रियों की मुश्किलें बेहद बढ़ सकती हैं। यह विरोध क्यों हो रहा है इसके बारे में भी आपको संक्षिप्त से जानकारी देते हैं। वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन की प्राइमरी मेंटेनेंस देहरादून में है। मगर ट्रेन के लोको पायलट दिल्ली के हैं। पदाधिकारियों और सदस्यों ने सोमवार सुबह वंदे भारत ट्रेन के आगे विरोध प्रदर्शन किया और उन्होंने कहा कि जब ट्रेन की प्राइमरी मेंटेनेंस देहरादून में है तो यहां के लोको पायलट से ही ट्रेन में कार्य करवाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि ट्रेन का उद्घाटन भी यहीं हुआ है। उन्होंने कहा कि जब देहरादून के कर्मचारियों से उद्घाटन करवाया गया तो लोको पायलट को दिल्ली से क्यों बुलाया जा रहा? उन्होंने कहा कि जब पूरे वंदे भारत का संचालन का मुख्य केंद्र देहरादून है तो बाद में दिल्ली के लोको पायलट से ट्रेन चलाने के आदेश क्यों जारी किए गए? उनका कहना है कि जब तक कर्मचारियों की मांग पूरी नहीं होती तब तक विरोध जारी रहेगा।
रेलवे कर्मचारियों का आरोप है कि रेलवे अपने कर्मचारियों के साथ में भेदभाव कर रहा है। दिल्ली मंडल के कर्मचारी 40 परसेंट वीआईपी ट्रेन चला रहे हैं। यहां तक की शताब्दी और जन शताब्दी ट्रेन भी दिल्ली के लोको पायलट ही चला रहे हैं। जब तक देहरादून के लोको पायलट से वंदे भारत एक्सप्रेस के ट्रेन को चलाने का आदेश नहीं आ जाता तब तक उनका विरोध जारी रहेगा। वहीं देहरादून और दिल्ली वाली वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन पूरी तरह से फुल हो चुकी है और आने वाले अगले 9 दिनों के लिए बुक की जा चुकी है। यह ट्रेन लोगों का काफी समय बचाएगी। यह ट्रेन 302 किलोमीटर की दूरी 4 घंटे 45 मिनट में तय करेगी। यह इस रूट पर सबसे तेज चलने वाली ट्रेन होगी। दोनों ट्रेनें आने और जाने के दौरान कुल पांच स्टेशनों पर रुकेगी। वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन हरिद्वार, रुड़की, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर और मेरठ सिटी रेलवे स्टेशन से होकर जाएगी। इसके अलावा आनंद विहार टर्मिनल और देहरादून पर वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन का अंतिम स्टॉपेज होगा।दिल्ली-देहरादून-दिल्ली वंदे भारत एक्सप्रेस बुधवार को छोड़कर सप्ताह में 6 दिनों के लिए चलेगी।